<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?>
<rss version="2.0"
    xmlns:ag="http://purl.org/rss/1.0/modules/aggregation/"  
    xmlns:annotate="http://purl.org/rss/1.0/modules/annotate/" 
    xmlns:app="http://www.w3.org/2007/app"
    xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
    xmlns:company="http://purl.org/rss/1.0/modules/company"
    xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
    xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
    xmlns:dcterms="http://purl.org/dc/terms/"
    xmlns:email="http://purl.org/rss/1.0/modules/email/"
    xmlns:ev="http://purl.org/rss/1.0/modules/event/"
    xmlns:rdf="http://www.w3.org/1999/02/22-rdf-syntax-ns#"
    xmlns:rdfs="http://www.w3.org/2000/01/rdf-schema#"
    xmlns:ref="http://purl.org/rss/1.0/modules/reference/"
    xmlns:taxo="http://purl.org/rss/1.0/modules/taxonomy/"
    xmlns:atom10="http://www.w3.org/2005/Atom">
    <channel>
       <title>Today किसान News | Latest किसान News | Breaking किसान News in English | Latest किसान News Headlines - Inkhabar</title>
        <description>आज का किसान समाचार:Today किसान News ,Latest किसान News,Aaj Ka Samachar ,किसान समाचार ,Breaking किसान News in Hindi, Latest News Headlines - Inkhabar</description>
        <link>https://www.inkhabar.com/tag/%e0%a4%95%e0%a4%bf%e0%a4%b8%e0%a4%be%e0%a4%a8</link>
        <lastBuildDate>April 23, 2026, 6:01 am</lastBuildDate>
        <copyright>Inkhabar</copyright>
        <generator>Inkhabar</generator>
        <language>hi</language>
        <image>
            <url>https://www.inkhabar.com/wp-content/themes/inkhabar/images/inkhbar-logo.png</url>
            <title>Inkhabar</title>
            <link>https://www.inkhabar.com/</link>
            <description>Feed provided by Inkhabar.</description>
        </image><item><title>राजस्थान: आज से सरसों और चने के समर्थन मूल्य पर खरीद शुरू, सहकारिता मंत्री ने जानकारी की साझा</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/top-news/rajasthan-purchase-of-mustard-and-gram-on-support-price-starts-from-today-cooperative-minister-shared-the-information/</link><pubDate>April 1, 2023, 4:43 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/04/download-61.png</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>आज से MSP पर सरसों और चने के खरीद शुरू आपको बता दें कि शुक्रवार को सहकारिता मंत्री उदयलाल आंजना ने जानकारी देते हुए कहा था कि अभी तक 94 हजार से अधिक किसानों ने ई-मित्र या सम्बंधित खरीद केंद्र की सहायता से उपज बेचने के लिए पंजीयन किया है. उन्हों...</excerpt><content>
&lt;ul class=&quot;wp-block-list&quot;&gt;
&lt;li&gt;&lt;strong&gt;जयपुर।&lt;/strong&gt; 1 अप्रैल से सरसों और चने के समर्थन मूल्य पर खरीद शुरू होगी। इसके लिए 20 मार्च से ऑनलाइन पंजीयन शुरू कर दिया गया था सरसों बेचने के लिए 34 हजार से अधिक वहीं चने के लिए 60 हजार से अधिक किसानों ने ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कराया था.&lt;/li&gt;
&lt;/ul&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;आज से MSP पर सरसों और चने के खरीद शुरू&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आपको बता दें कि शुक्रवार को सहकारिता मंत्री उदयलाल आंजना ने जानकारी देते हुए कहा था कि अभी तक 94 हजार से अधिक किसानों ने ई-मित्र या सम्बंधित खरीद केंद्र की सहायता से उपज बेचने के लिए पंजीयन किया है. उन्होंने कहा कि 1 अप्रैल यानि आज से समर्थन मूल्यों पर सरसों और चने की खरीद शुरू हो जाएगी। मंत्री उदयलाल आंजना ने कहा- समर्थन मूल्य पर रबी सीजन में केंद्र सरकार ने राज्य में चने खरीद का लक्ष्य 6.65 लाख मीट्रिक टन रखा है. वहीं बात करें सरसों की तो इसका लक्ष्य 15.19 लाख मीट्रिक टन रखा है. उन्होंने जानकारी देते हुए बताया कि सरसों के लिए कुल 634 केंद्र बनाए गए है वहीं चने के लिए भी कुल 634 केंद्र बनाए गए है. बताए गए केंद्रों पर सरसों को लगभग 5450 रूपए और चना को लगभग 5335 रूपए के समर्थन मूल्यों पर किसानों से खरीदा जाएगा।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;किसानों को मिलेगी मदद&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बता दें कि इस निर्णय को भारत सरकार द्वारा किसानों के हित के लिए लिया गया है. सहकारिता मंत्री उदयलाल आंजना ने कहा कि किसानों को ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन, उपज के बचाव या किसी भी संबंध में समस्या हो तो टोल फ्री नंबर 18001806001 पर फोन कर समस्या बता सकते है.&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>राजस्थान: पश्चिमी विक्षोभ का राज्य में दिखने लगा असर, मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/states/rajasthan-effect-of-western-disturbance-is-visible-in-the-state-meteorological-department-issued-alert/</link><pubDate>March 30, 2023, 3:30 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/03/weather-forecast-rain-updates-300x169.jpeg</image><category>राज्य</category><excerpt>जयपुर। राजस्थान में आज पश्चिमी विक्षोभ का असर दिखने लगेगा। मौसम विभाग के मुताबिक प्रदेश के कई जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश की संभावना है. आज का मौसम आपको बता दें कि प्रदेश में आज पश्चिमी विक्षोभ एक बार फिर सक्रिय हो गया है. मौसम विभाग के अन...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर। &lt;/strong&gt;राजस्थान में आज पश्चिमी विक्षोभ का असर दिखने लगेगा। मौसम विभाग के मुताबिक प्रदेश के कई जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश की संभावना है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;आज का मौसम&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आपको बता दें कि प्रदेश में आज पश्चिमी विक्षोभ एक बार फिर सक्रिय हो गया है. मौसम विभाग के अनुसार राजस्थान के अधिकांश जिलों में मौसम का मिजाज बदल गया है. उन्होंने कहा कि राजधानी जयपुर, अलवर, दौसा, बूंदी, कोटा, सीकर, झुंझुन, नागौर, अजमेर, भीलवाड़ा समेत अन्य जिलों में बादल गर्जन , बिजली की कड़कड़ाहट समेत हल्की बारिश जैसी गतिविधिया देखी जा सकती है. मौसम विभाग ने कहा कि तेज हवाओं और बिजली की कड़कड़ाहट के साथ कहीं-कहीं ओलावृष्टि भी देखी जा सकती है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;29 मार्च को प्रदेश में चली थी तेज हवा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बता दें कि कल यानि 29 मार्च को प्रदेश के कई जिलों में तूफान आया था. वहीं कई क्षेत्रों में बारिश भी हुई थी. जानकारी के अनुसार बीकानेर, जैसलमेर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, चूरू, जोधपुर जिलों समेत आसपास के जिलों में तेज हवाओं के साथ बादल गर्जन जैसी गतिविधियां हुई थी . वहीं, कई क्षेत्रों में बिजली की कड़कड़ाहट के साथ हल्की बारिश भी हुई थी.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;क्या होता है पश्चिमी विक्षोभ&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आपको बता दें पश्चिमी विक्षोभ को वेस्टर्न डिस्टर्बेंस भी कहा जाता है. यह एक ऐसे तूफान होते हैं जो भारत,पाकिस्तान, पूर्व बांग्लादेश, नेपाल से होकर अधिकतर सर्दियों के मौसम में आते हैं. वेस्टर्न डिस्टर्बेंस भूमध्य सागर, अटलांटिक महासागर और कैस्पियन सागर से वा नमी लाते हैं, जिसके कारण अचानक आंधी, बारिश जैसी गतिविधियां होती हैं. इस तूफान से होने वाली बरसात मानसून की बरसात से अलग होती है.&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>राजस्थान: बेमौसम बरसात से किसानों की फसलें हुईं बर्बाद, अब सरकार से मदद मिलने की लगाई आस</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/society/rajasthan-unseasonal-rain-ruined-farmers-crops-now-hoping-for-help-from-the-government/</link><pubDate>March 20, 2023, 7:53 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/03/download-23-300x225.png</image><category>समाज</category><excerpt>जयपुर। प्रदेश के कई हिस्सों में बेमौसम बारिश ने किसानों की समस्याएं बढ़ा दी है. किसानों को अब सरकार से मुआवजा मिलने की आस है. बेमौसम बरसात ने किसानों की बढ़ाई चिंता आपको बता दें कि राज्य में बेमौसम बरसात ने किसानों को रुलाने पर मजबूर कर दिया है. ...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर।&lt;/strong&gt; प्रदेश के कई हिस्सों में बेमौसम बारिश ने किसानों की समस्याएं बढ़ा दी है. किसानों को अब सरकार से मुआवजा मिलने की आस है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;बेमौसम बरसात ने किसानों की बढ़ाई चिंता&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आपको बता दें कि राज्य में बेमौसम बरसात ने किसानों को रुलाने पर मजबूर कर दिया है. किसान जो भी फसल खेत भी उगाते है, सब इस बेमौसम बरसात के कारण धराशाही हो जाता है. कई जिलों में तेज हवा के साथ बारिश और ओलावृष्टि ने फसलों को जमीन पर बिछा दिया है। करोली समेत बाड़मेर और बूंदी तक प्रकृति कहर बरपा रही है. हालात ऐसी पैदा हो गई हैं कि सभी किसान अब निराश होकर सरकार से मदद की आस लगा रहे हैं.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;थार नगरी में मौसम ने बदला रुख&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आपको बता दें कि बाड़मेर के थार नगर में बीते कल यानि रविवार को गर्मी और उमस के उपरान्त शाम को अचानक से मौसम ने अपना मिज़ाज बदल लिया। तेज हवाओं के साथ बारिश का दौर एक बार फिर शरू हो गया जिससे बाड़मेर शहर की सड़कों में गड्ढे हो गए. जिले में लगातार बारिश होने से सभी किसान मायूस हो गए. वहीं कुछ दिन पूर्व बरसात ने किसानों की खेतों में खड़ी जीरों और ईसबगोल की फसलों को पूरी तरह बर्बाद कर दिया.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;बूंदी में भी मौसम का कहर&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आपको बता दें कि बूंदी जिले मे भी बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि के चलते फसले तबाह हो गई. दरअसल बजाड गांव के निवासी पृथ्वीराज बैरव की 3 बीघा गेहूं की फसल बर्बाद हो गई थी. जिस वजह से 60 वर्षीय पृथ्वीराज ने आत्महत्या कर ली.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;करौली में बारिश के साथ हुई ओलावृष्टि&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बीते कल यानि रविवार दोपहर को मौसम में बदलाव देखा गया था. करोली के कई क्षेत्रों में ठंडी हवाओं के साथ ओलावृष्टि और मध्यम बारिश हुई थी. मौसम विभाग ने बताया कि वायुमंडल के ऊपर एक सर्कुलेटरी सिस्टम बना हुआ है, इसके प्रभाव के चलते तकरीबन 48 घंटो तक बारिश की संभावना बढ़ सकती है.&lt;/p&gt;
</content></item></channel></rss>