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       <title>Today जीरे की फसल News | Latest जीरे की फसल News | Breaking जीरे की फसल News in English | Latest जीरे की फसल News Headlines - Inkhabar</title>
        <description>आज का जीरे की फसल समाचार:Today जीरे की फसल News ,Latest जीरे की फसल News,Aaj Ka Samachar ,जीरे की फसल समाचार ,Breaking जीरे की फसल News in Hindi, Latest News Headlines - Inkhabar</description>
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        </image><item><title>Rajasthan News: किसानों को मिला दर्द, जीरे की फसल पर छाया संकट</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/top-news/rajasthan-news-farmers-face-pain-crisis-looms-on-cumin-crop/</link><pubDate>February 6, 2024, 9:37 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/02/download-10-2.png</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>जयपुर। राजस्थन में लगातार दो-दो पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने के कारण मौसम में बदलाव हुआ है। जिस कारण यहां के लगभग भागों में बारिश दर्ज की गई। बारिश के कारण किसानों की परेशानी अधिक बढ़ गई है। आज की बात करें तो आज भी लगातार तीसरे दिन आसमान में बादल...</excerpt><content>
&lt;p&gt;जयपुर। राजस्थन में लगातार दो-दो पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने के कारण मौसम में बदलाव हुआ है। जिस कारण यहां के लगभग भागों में बारिश दर्ज की गई। बारिश के कारण किसानों की परेशानी अधिक बढ़ गई है। आज की बात करें तो आज भी लगातार तीसरे दिन आसमान में बादलों का दौर जारी है। वहीं सुबह के समय कुछ हिस्सों में बूंदाबांदी दर्ज हुई। हवा चलने से प्रदेश में मौसम ठंडा है। मौसम में आए अचानक बदलाव से जीरे की फसल पर अधिक प्रभाव पड़ने का डर किसानों को सता रहा है। किसानों का मानना है कि इस मौसम में बारिश हुई तो जीरा में कीट का प्रकोप बढ़ने की संभावना है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;पिछले कुछ दिनों में तापमान &amp;#8211;&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;सोमवार यानी 5 फरवरी को दिन के पारा में 0.4 डिग्री का उछाल आया है। अधिकतम तापमान 26.4 डिग्री रिकॉर्ड हुआ। इससे पूर्व रविवार को दिन का तापमान 26 डिग्री दर्ज किया गया था। वहीं रविवार रात के तापमान में 0.5 डिग्री तक कमी देखि गई। अधिकतम तापमान 17.8 डिग्री रिकॉर्ड हुआ तो वहीं शनिवार को रात का पारा 18.3 डिग्री बताया गया।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;मावठ से फसलों का नुकसान&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;रविवार को कस्बे समेत क्षेत्रभर में पश्चिमी विक्षोभ की वजह से बारिश हुई। जिस वजह से कटी हुई फसलों में नुकसान को लेकर किसानों में चिंता की भावना है। राज्य के भंवरानी, सांडन, आइपुरा, नोसरा, सराणा सहित अन्य गांवों के किसान निराश है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;जीरे की फसल पर भी संकट&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;ग्रामीण क्षेत्र में बारिश होने के कारण किसानों को खेती की गई जीरों में नुकसान आने की डर से निराश होना पड़ रहा है। ऐसे में बारिश होने के कारण जीरे की फसल सूख रही है। जिलों के कुछ किसानों के मुताबिक बताया गया है कि तीन दिन तक आसमान में बादल छाए रहने और बूंदाबांदी होने से जीरे को नुकसान पंहुचा है। ऐसे में किसानों के बुने हुए तमाम सपने मिट्टी में मिल रहा है।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>राजस्थान: बेमौसम बरसात से किसानों की फसलें हुईं बर्बाद, अब सरकार से मदद मिलने की लगाई आस</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/society/rajasthan-unseasonal-rain-ruined-farmers-crops-now-hoping-for-help-from-the-government/</link><pubDate>March 20, 2023, 7:53 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/03/download-23-300x225.png</image><category>समाज</category><excerpt>जयपुर। प्रदेश के कई हिस्सों में बेमौसम बारिश ने किसानों की समस्याएं बढ़ा दी है. किसानों को अब सरकार से मुआवजा मिलने की आस है. बेमौसम बरसात ने किसानों की बढ़ाई चिंता आपको बता दें कि राज्य में बेमौसम बरसात ने किसानों को रुलाने पर मजबूर कर दिया है. ...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर।&lt;/strong&gt; प्रदेश के कई हिस्सों में बेमौसम बारिश ने किसानों की समस्याएं बढ़ा दी है. किसानों को अब सरकार से मुआवजा मिलने की आस है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;बेमौसम बरसात ने किसानों की बढ़ाई चिंता&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आपको बता दें कि राज्य में बेमौसम बरसात ने किसानों को रुलाने पर मजबूर कर दिया है. किसान जो भी फसल खेत भी उगाते है, सब इस बेमौसम बरसात के कारण धराशाही हो जाता है. कई जिलों में तेज हवा के साथ बारिश और ओलावृष्टि ने फसलों को जमीन पर बिछा दिया है। करोली समेत बाड़मेर और बूंदी तक प्रकृति कहर बरपा रही है. हालात ऐसी पैदा हो गई हैं कि सभी किसान अब निराश होकर सरकार से मदद की आस लगा रहे हैं.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;थार नगरी में मौसम ने बदला रुख&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आपको बता दें कि बाड़मेर के थार नगर में बीते कल यानि रविवार को गर्मी और उमस के उपरान्त शाम को अचानक से मौसम ने अपना मिज़ाज बदल लिया। तेज हवाओं के साथ बारिश का दौर एक बार फिर शरू हो गया जिससे बाड़मेर शहर की सड़कों में गड्ढे हो गए. जिले में लगातार बारिश होने से सभी किसान मायूस हो गए. वहीं कुछ दिन पूर्व बरसात ने किसानों की खेतों में खड़ी जीरों और ईसबगोल की फसलों को पूरी तरह बर्बाद कर दिया.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;बूंदी में भी मौसम का कहर&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आपको बता दें कि बूंदी जिले मे भी बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि के चलते फसले तबाह हो गई. दरअसल बजाड गांव के निवासी पृथ्वीराज बैरव की 3 बीघा गेहूं की फसल बर्बाद हो गई थी. जिस वजह से 60 वर्षीय पृथ्वीराज ने आत्महत्या कर ली.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;करौली में बारिश के साथ हुई ओलावृष्टि&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बीते कल यानि रविवार दोपहर को मौसम में बदलाव देखा गया था. करोली के कई क्षेत्रों में ठंडी हवाओं के साथ ओलावृष्टि और मध्यम बारिश हुई थी. मौसम विभाग ने बताया कि वायुमंडल के ऊपर एक सर्कुलेटरी सिस्टम बना हुआ है, इसके प्रभाव के चलते तकरीबन 48 घंटो तक बारिश की संभावना बढ़ सकती है.&lt;/p&gt;
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