<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?>
<rss version="2.0"
    xmlns:ag="http://purl.org/rss/1.0/modules/aggregation/"  
    xmlns:annotate="http://purl.org/rss/1.0/modules/annotate/" 
    xmlns:app="http://www.w3.org/2007/app"
    xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
    xmlns:company="http://purl.org/rss/1.0/modules/company"
    xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
    xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
    xmlns:dcterms="http://purl.org/dc/terms/"
    xmlns:email="http://purl.org/rss/1.0/modules/email/"
    xmlns:ev="http://purl.org/rss/1.0/modules/event/"
    xmlns:rdf="http://www.w3.org/1999/02/22-rdf-syntax-ns#"
    xmlns:rdfs="http://www.w3.org/2000/01/rdf-schema#"
    xmlns:ref="http://purl.org/rss/1.0/modules/reference/"
    xmlns:taxo="http://purl.org/rss/1.0/modules/taxonomy/"
    xmlns:atom10="http://www.w3.org/2005/Atom">
    <channel>
       <title>Today 4 babies News | Latest 4 babies News | Breaking 4 babies News in English | Latest 4 babies News Headlines - Inkhabar</title>
        <description>आज का 4 babies समाचार:Today 4 babies News ,Latest 4 babies News,Aaj Ka Samachar ,4 babies समाचार ,Breaking 4 babies News in Hindi, Latest News Headlines - Inkhabar</description>
        <link>https://www.inkhabar.com/tag/4-babies</link>
        <lastBuildDate>April 22, 2026, 10:50 am</lastBuildDate>
        <copyright>Inkhabar</copyright>
        <generator>Inkhabar</generator>
        <language>hi</language>
        <image>
            <url>https://www.inkhabar.com/wp-content/themes/inkhabar/images/inkhbar-logo.png</url>
            <title>Inkhabar</title>
            <link>https://www.inkhabar.com/</link>
            <description>Feed provided by Inkhabar.</description>
        </image><item><title>राजस्थान में महिला ने दिया एक साथ 4 बच्चों को जन्म, डॉक्टर्स ने बताया रेयर केस</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/ajab-gajab/in-rajasthan-a-woman-gave-birth-to-4-children-simultaneously-doctors-said-it-was-a-rare-case/</link><pubDate>February 13, 2025, 7:40 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2025/02/download-12.png</image><category>अजब-गजब</category><excerpt>&amp;nbsp; जयपुर। राजस्थान के अजमेर से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जहां एक महिला ने एक साथ 4 बच्चों को जन्म दिया है। ऐसा केस देखकर खुद डॉक्टर्स भी हैरान रह गए। डॉक्टर्स का कहना है कि ऐसा केस आज कल बहुत कम देखने को मिलता है। अक्सर हम ज...</excerpt><content>&lt;p&gt;&amp;nbsp;&lt;/p&gt;
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर&lt;/strong&gt;। राजस्थान के अजमेर से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जहां एक महिला ने एक साथ 4 बच्चों को जन्म दिया है। ऐसा केस देखकर खुद डॉक्टर्स भी हैरान रह गए। डॉक्टर्स का कहना है कि ऐसा केस आज कल बहुत कम देखने को मिलता है। अक्सर हम जुड़वा बच्चों के बारे में सुनते हैं, लेकिन अजमेर के ब्यावर में दो नहीं बल्कि चार बच्चों को एक महिला ने एक साथ जन्म दिया।&lt;/p&gt;
&lt;h2&gt;&lt;strong&gt;4 बच्चों को जन्म दिया&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;
&lt;p&gt;जानकारी के अनुसार महिला की डिलीवरी के बाद जब चार बच्चों का उनके परिजनों को बताया गया तो वह भी हैरान रह गए। हालांकि डॉक्टरों ने मामले को अच्छे से संभाला था। इसी का ही नतीजा है कि सभी चारों बच्चों की हालात एक दम अच्छी है। ये मामला 10 जनवरी का है, जब राजकीय अमृतकौर चिकित्सालय में महिला ने चार बच्चों को जन्म दिया है। डॉक्टरों का कहना है कि अच्छी बात तो ये है कि चारों बच्चे स्वस्थ हैं हालांकि शुरुआत में बच्चों का वजन कम था।&lt;/p&gt;
&lt;h2&gt;&lt;strong&gt;समय से पहले हुआ जन्म&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;
&lt;p&gt;डॉक्टरों ने कहा कि-डिलीवरी के समय से पहले ही चारों बच्चों का जन्म हुआ था। डिलीवरी से एक महीने ही महिला ने इन बच्चों को जन्म दिया था। पैदा होने के बाद चारों बच्चों की हालत काफी नाजुक थी, क्योंकि सभी का वजन भी बहुत कम था। डॉक्टरों ने कहा कि-एक का वजन 1.5, दूसरे का 1.3, तीसरे का 1.2 और चौथे का 1.1 किलो वजन था। बच्चों का वजन कम होने की वजह से उनकी जान को भी खतरा था। इस वजह से डॉक्टरों की टीम ने डिलीवरी के बाद बच्चों को स्पेशल न्यूबोर्न केयर यूनिट (SNCU)में डॉक्टर की देखरेख में तुरंत भर्ती किया था।&lt;/p&gt;
&lt;h2&gt;&lt;strong&gt;हालत में सुधार हुआ&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;
&lt;p&gt;प्रोजेक्ट डायरेक्टर डॉक्टर प्रदीप चौधरी का इस मामले को लेकर कहना है कि-सभी बच्चों को शुरुआत में ऑक्सीजन सपोर्ट पर रखा गया और हॉस्पिटल के लैक्टेशनल मैनेजमेंट सेंटर (CLMC) से बच्चों को फीडिंग कराई गई। धीरे-धीरे बच्चों की हालत में सुधार हुआ और बच्चों ने खुद से सांस लेना शुरू कर दिया। इसके साथ-साथ सबी बच्चों के वजन में भी सुधार हो गया। उन्होंने आगे बताया कि-पहले और चौथे नंबर के बच्चे ने अपने जन्म के तीन दिन बाद दूसरे ने 5 दिन और तीसरे शिशु ने 6 दिन बाद सामान्य स्तनपान शुरू कर दिया। इसके बाद फिर बच्चों में और सुधार हो गया।&lt;/p&gt;
&lt;h2&gt;&lt;strong&gt;चारों की हुई खूब देखभाल&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;
&lt;p&gt;डॉक्टरों ने का कहना है कि- चारों बच्चों की डॉक्टरों की निगरानी में ही हॉस्पिटल में ही देखभाल की गई और इसके बाद सभी की छुट्टी कर दी गई। जब बच्चों को हॉस्पिटल से डिस्चार्ज किया गया, तो उनके वजन भी बढ़ गए थे। एक की 1.56 किलो, दूसरे का 1.38 किलो, तीसरे का 1.3 किलो व चौथे का वजन 1.9 किलो है और उनकी मां का स्वास्थ्य भी बेहतर है।&lt;/p&gt;
</content></item></channel></rss>