<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?>
<rss version="2.0"
    xmlns:ag="http://purl.org/rss/1.0/modules/aggregation/"  
    xmlns:annotate="http://purl.org/rss/1.0/modules/annotate/" 
    xmlns:app="http://www.w3.org/2007/app"
    xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
    xmlns:company="http://purl.org/rss/1.0/modules/company"
    xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
    xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
    xmlns:dcterms="http://purl.org/dc/terms/"
    xmlns:email="http://purl.org/rss/1.0/modules/email/"
    xmlns:ev="http://purl.org/rss/1.0/modules/event/"
    xmlns:rdf="http://www.w3.org/1999/02/22-rdf-syntax-ns#"
    xmlns:rdfs="http://www.w3.org/2000/01/rdf-schema#"
    xmlns:ref="http://purl.org/rss/1.0/modules/reference/"
    xmlns:taxo="http://purl.org/rss/1.0/modules/taxonomy/"
    xmlns:atom10="http://www.w3.org/2005/Atom">
    <channel>
       <title>Today Assembly Election 2023 News | Latest Assembly Election 2023 News | Breaking Assembly Election 2023 News in English | Latest Assembly Election 2023 News Headlines - Inkhabar</title>
        <description>आज का Assembly Election 2023 समाचार:Today Assembly Election 2023 News ,Latest Assembly Election 2023 News,Aaj Ka Samachar ,Assembly Election 2023 समाचार ,Breaking Assembly Election 2023 News in Hindi, Latest News Headlines - Inkhabar</description>
        <link>https://www.inkhabar.com/tag/assembly-election-2023</link>
        <lastBuildDate>April 25, 2026, 7:59 am</lastBuildDate>
        <copyright>Inkhabar</copyright>
        <generator>Inkhabar</generator>
        <language>hi</language>
        <image>
            <url>https://www.inkhabar.com/wp-content/themes/inkhabar/images/inkhbar-logo.png</url>
            <title>Inkhabar</title>
            <link>https://www.inkhabar.com/</link>
            <description>Feed provided by Inkhabar.</description>
        </image><item><title>Rajasthan Election 2023: जोधपुर में गरजे जेपी नड्डा, पेश किया बीजेपी का नौ सालों का रिपोर्ट कार्ड</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/election/rajasthan-election-2023-jp-nadda-roared-in-jodhpur-presented-bjps-report-card-of-nine-years/</link><pubDate>November 18, 2023, 12:27 pm</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/11/13-2.png</image><category>चुनाव</category><excerpt>जयपुर। राजस्थान में 25 नवंबर से विधानसभा चुनाव होने जा रहे हैं। ऐसे में प्रदेश में नेताओं का तूफानी दौरा जारी है। वहीं जोधपुर में शनिवार को चुनावी सभा को संबोधित करने के लिए बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा पहुंचे थे। यहां उन्होंने कांग्र...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर।&lt;/strong&gt; राजस्थान में 25 नवंबर से विधानसभा चुनाव होने जा रहे हैं। ऐसे में प्रदेश में नेताओं का तूफानी दौरा जारी है। वहीं जोधपुर में शनिवार को चुनावी सभा को संबोधित करने के लिए बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा पहुंचे थे। यहां उन्होंने कांग्रेस पर जमकर हमला बोला। बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि जहां कांग्रेस है वहां भ्रष्टाचार है, जहां कांग्रेस है वहां अत्याचार है, जहां कांग्रेस है वहां लूट, घपला, घोटाला है। इस दौरान जेपी नड्डा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की शान में तारीफों के पुल बांधते नज़र आए। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी की अगुवाई में भारत ब्रिटेन को पीछे छोड़कर पांचवीं बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुका है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;पेश किया 9 सालों का रिपोर्ट कार्ड&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बता दें कि इस दौरान जेपी नड्डा ने मोदी सरकार के नौ वर्षों का रिपोर्ट कार्ड भी जनता के सामने पेश किया। उन्होंने कहा कि पहले भारत के बाहर से कारों का आयात होता था, लेकिन आज सभी कारें भारत में बन रही हैं। इस दौरान जेपी नड्डा ने ऑटो मोबाइल सेक्टर में भारत के विकास कार्यों की जमकर प्रशंसा की। बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि भारत दुनिया का तीसरा बड़ा ऑटो मोबाइल उद्योग बन चुका है। जहां बीजेपी है वहां विकास है, जहां बीजेपी है वहां तेज गति से आगे चलने का मार्ग है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;जनता से वोट की मांग&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;इसके अलावा बीजेपी अध्यक्ष ने कहा कि जहां बीजेपी है वहां महिलाओं का स्वावलंबन और सशक्तिकरण है। आज युवाओं को रास्ता दिखाना, किसानों का सम्मान और चहुमुंखी विकास बीजेपी की सरकार कर सकती है। उन्होंने कोरोना, यूक्रेन-रूस और इजरायल-हमास की जंग का जिक्र करते हुए कहा कि दुनिया की अर्थव्यवस्था लड़खड़ा गई है। वहीं विकसित भारत पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि हमारा भारत 11वें नंबर की अर्थव्यवस्था से दुनिया की तीसरे नंबर वाला देश बन गया है। इसके अलावा बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा ने ओसियां से बीजेपी प्रत्याशी भैराराम सीहोर के लिए लोगों से वोट मांगे।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Rajasthan: PM मोदी का एक हफ्ते में दूसरा दौरा आज, मेवाड़ में ये है खास</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/politics/rajasthan-pm-modis-second-visit-in-a-week-today-mewar-is-special-for-political-significance/</link><pubDate>October 2, 2023, 4:13 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/10/download-2023-10-02T093125.050-300x225.png</image><category>चुनाव</category><excerpt>जयपुर: राजस्थान में विधानसभा चुनाव फतह करने के लिए भाजपा ने पूरी ताकत लगा दी है. प्रधानमंत्री मोदी का एक हफ्ते में दूसरा दौरा आज होने जा रहा है. आपको बता दें कि PM मोदी बीते एक साल के अंदर राजस्थान में 9 दौरे कर चुके हैं. वहीं आज चित्तौड़गढ़ के...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर:&lt;/strong&gt; राजस्थान में विधानसभा चुनाव फतह करने के लिए भाजपा ने पूरी ताकत लगा दी है. प्रधानमंत्री मोदी का एक हफ्ते में दूसरा दौरा आज होने जा रहा है. आपको बता दें कि PM मोदी बीते एक साल के अंदर राजस्थान में 9 दौरे कर चुके हैं. वहीं आज चित्तौड़गढ़ के दौरे पर आ रहे हैं, उसके बाद PM मोदी 5 अक्टूबर को जोधपुर के कार्यक्रम में शामिल होंगे. पीएम मोदी आज चित्तौगढ़ में विभिन्न योजनाओं का लोकार्पण और शुभारंभ का ऐलान करेंगे। पीएम मोदी आज जनसभा के जरिए मेवाड़ और वागड़ की कुल 35 विधानसभा सीटों को साधेंगे, जिसमें उदयपुर संभाग में शामिल भीलवाड़ा जिले की 7 सीटें भी शामिल हैं।  इसके पश्चात वह सांवलिया सेठ मंदिर का दर्शन करेंगे.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;सांवलिया सेठ का दर्शन&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;प्रधानमंत्री मोदी आज सांवलिया सेठ का दर्शन करने के साथ विशाल जन सभा को सम्बोधित करेंगे. रैली को सम्बोधित करने के दौरान समारोह में प्रदेश के लिए लगभग 7 हजार परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण करेंगे. PM मोदी का यह दौरा मेवाड़ के 6 जिलों की 26 विधानसभा के मतदाताओं को आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनज़र से PM मोदी का यह दौरा महत्वपूर्ण माना जा रहा है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;करोड़ों की परियोजनाओं का ऐलान&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आज पीएम मोदी प्रदेश के लिए केंद्र सरकार की विभिन्न 7 हजार करोड़ से ज्यादा की परियोजनाओं का ऐलान करेंगे. कार्यक्रम का पूरा जिम्मा रेलवे विभाग को दिया गया परंतु इस परियोजनाएं में रेलवे, केंद्रीय गैस एवं पेट्रोलियम, एनएचएआई समेत कई पर्यटन विभाग शामिल है. बता दें कि PM मोदी का सबसे बड़ी प्रोजेक्ट गैस पाइपलाइन के पाली-हनुमानगढ़ खंड का बतया जा रहा है जिसमे 4500 करोड़ शामिल है. PM मोदी के इस कार्यक्रम में रेलवे बोर्ड के तमाम दिग्गज चेयरमैन सहित विभिन्न मंत्रालयों के अधिकारी भी मौजूद रहेंगे.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;मेवाड़ से खुलेगा सत्ता का दरबाजा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;प्रदेश के मेवाड़ की सीटों का पौराणिक काल से ही राजनीति में अपना एक अलग पहचान हैं इसलिए कहा भी जाता हैं कि जिसका मेवाड़ उसका सत्ता. आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए प्रदेश में लगातार मंत्रियों का दौरा चालू है, ऐसे में सात दिनों के अंदर प्रधानमंत्री मोदी आज दोबारा प्रदेश के दौरे पर आ रहे हैं. सांवलिया सेठ के दर्शन करने के साथ ही प्रदेश की राजनीति पर जीत हासिल करने के लिए मेवाड़ में विधानसभा चुनाव का श्री गणेश करेंगे.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;सियासी गणित में मेवाड़ अब्बल&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;सियासी महत्त्व से भी मेवाड़ का अलग पहचान देखा जा रहा है। वहीं उदयपुर खंड में 6 जिले आते हैं. जिसमे उदयपुर, डूंगरपुर, बांसवाड़ा, चितौड़गढ़, राजसमंद और प्रतापगढ़ शामिल हैं. इन सभी जिलों में 28 विधानसभा सीटें शामिल हैं. इनसभी जिलों में बीजेपी की मजबूत पकड़ पहले से ही देखा जा चूका है. विधानसभा 2018 के चुनाव में भाजपा ने 28 सीटों में 15 सीटों पर जीत दर्ज की थी. वहीं कांग्रेस को 18 सीट और अन्य के खाते में 3 सीट मिली थी। मेवाड़ के गुलाबचंद कटारिया कद्दावर नेता माने जाते हैं. फिलहाल वह राजस्थान के राज्यपाल है. ऐसे में आज पीएम का मेवाड़ दौरा भाजपा के लिए मजबूती सम्राट बनाने का काम आएगा।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;5 अक्टूबर को जोधपुर का दौरा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आपको बता दें कि राजस्थान में पीएम मोदी का 25 सितंबर के बाद यह तीसरा दौरा होगा. PM मोदी 5 अक्टूबर को जोधपुर के दौरे पर आएंगे. इस क्रम में भी उनके द्वारा कई शिलान्यास और लोकार्पण किया जाएगा। इसके पश्चात मोदी जोधपुर के रावण का चबूतरा मैदान में एक विशाल जनसभा को संबोधित करेंगे. वहीं मोदी का जोधपुर में यह दौरा 5 साल बाद होने जा रहा है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;पिछले एक वर्ष में पीएम के दौरे&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;30 सितंबर 2022: आबूरोड अंबा माता दर्शन के लिए आए&lt;br&gt;1 नवंबर 2022: बांसवाड़ा स्थित मानगढ़ धाम&lt;br&gt;28 जनवरी 2023: गुर्जर समुदाय के भीलवाड़ा दौरा&lt;br&gt;12 फरवरी 2023: दौसा में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे उद्घाटन&lt;br&gt;12 मई 2023: नाथद्वारा समेत आबूरोड में रैली&lt;br&gt;31 मई 2023: अजमेर-पुष्कर दौरा&lt;br&gt;8 जुलाई 2023: अमृतसर-जामनगर एक्सप्रेस हाइवे का लोकार्पण (बिकानेर)&lt;br&gt;27 जुलाई 2023: सीकर में जनसभा को सम्बोधित&lt;br&gt;25 सितंबर 2023: परिवर्तन यात्रा समाप्ति (जयपुर)&lt;br&gt;02 अक्टूबर 2023: सांवलिया में रेलवे कार्यों का शिलान्यास (चित्तौरगढ़)&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>राजस्थान: दिव्या मदेरणा ने सीएम गहलोत के कार्यक्रम से बनाई दूरियां, बताई ये वजह</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/politics/divya-maderna-distanced-herself-from-cm-gehlots-program-gave-this-reason/</link><pubDate>September 14, 2023, 5:12 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/09/download-2023-09-14T103957.576-300x169.png</image><category>राजनीति</category><excerpt>जयपुर। राजस्थान के जोधपुर के ओसियां विधायक दिव्या मदेरणा ने एक बार फिर पूर्व सासंद बद्रीराम जाखड़ को लेकर बयान दिया। उन्होंने कहा कि जो लोग मुझे और मेरी मां को गालियां देते हैं, उनके साथ मैं स्टेज शेयर नहीं कर सकती। जब आपस में नहीं बनती तो साथ ब...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर। &lt;/strong&gt;राजस्थान के जोधपुर के ओसियां विधायक दिव्या मदेरणा ने एक बार फिर पूर्व सासंद बद्रीराम जाखड़ को लेकर बयान दिया। उन्होंने कहा कि जो लोग मुझे और मेरी मां को गालियां देते हैं, उनके साथ मैं स्टेज शेयर नहीं कर सकती। जब आपस में नहीं बनती तो साथ बैठकर एकता का ढोंग क्यों करना?&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;ओसियां में मदेरणा ने किया जनसभा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;ओसियां विधानसभा क्षेत्र में जनसभा को संबोधित किया, जहां पाली के पूर्व सांसद बद्रीराम जाखड़ पर हमला बोलते हुए कहा- मैंने मुख्यमंत्री और दिल्ली में हाईकमान को भी मंच साझा नहीं करने के बारे में बता दिया था। जिन्होंने मुझे और मेरी मां को अपशब्द बोले, ऐसे बद्रीराम की हमने कोई गुलामी नहीं की है, जो मंच शेयर करूं। स्वर्गीय रणजीत सिंह सालों तक प्रधान रहे, उस सभा में परसराम मदेरणा की फोटो तक नहीं थी। उन्होंने कहा- ऐसा नहीं होता कि बिन बुलाए चले जाओ। बिन बुलाए तो सत्संग में जाना चाहिए।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;कांग्रेस की बी टीम हमें हारने में लगी- मदेरणा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;उन्होंने आगे कहा कि राजनीति करना तो कड़काई रखना और अपने पिता की तरह राजनीति करना सीखा है। हमारे परिवार ने मारवाड़ में कांग्रेस को मजबूती दी है। मेरी कांग्रेस के प्रति निष्ठा पर कोई सवाल नहीं उठा सकता। कांग्रेस की बी टीम कई साल से हमारे परिवार को हराने में लगी है। 2008 से हमें हराने में थी। इसके बाद 2013 और 2018 में तो खुलकर उन्होंने हमारा विरोध किया। इसलिए इनके साथ नहीं बैठा जा सकता है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;पहले भी दिव्या ने लगाया था आरोप&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;दिव्या ने आगे कहा कि जब लोकसभा चुनाव था तो कांग्रेस ने इन्हें प्रत्याशी बनाया था। ओसियां में सभा होनी थी। तब मैंने मुख्यमंत्री जी और दिल्ली तक कहा था कि मैं इनके साथ नहीं बैठूंगी। मेरे इस संकल्प से मुख्यमंत्री भी अच्छी तरफ से वाकिफ हैं।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;क्या था पूरा मामला ?&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;दरअसल 9 सितंबर को उनके ही विधानसभा क्षेत्र के डांवरा गांव में दिवंगत कांग्रेस नेता रणजीत सिंह की मूर्ति का अनावरण कार्यक्रम था. इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत भी मौजूद थे. मगर दिव्या मदेरणा ने दूरी बना ली. उनके इस कार्यक्रम में शामिल नहीं होने के बाद चर्चा होने लगी. इसी कड़ी में उन्होंने सोमवार को भेड़ गांव में हुई जनसभा के दौरान जवाब दिया।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Rajasthan Election 2023: भाजपा चुनाव समिति की दिल्ली में बैठक आज, तय हो सकती है चुनावी राज्यों की गणित</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/politics/rajasthan-election-2023-bjp-election-committee-meeting-in-delhi-today-the-math-of-electoral-states-can-be-decided/</link><pubDate>August 16, 2023, 9:21 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/08/download-3-6-300x169.png</image><category>चुनाव</category><excerpt>जयपुर: राजस्थान विधानसभा चुनाव होने में कुछ महीनों का समय शेष बचा है। जिसको लेकर भाजपा चुनाव समिति की दिल्ली में बैठक होगी। सूत्रों के मुताबिक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में बुधवार 16 अगस्त को शाम पांच बजे बैठक होगी। इस बैठक में आगामी...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर&lt;/strong&gt;: राजस्थान विधानसभा चुनाव होने में कुछ महीनों का समय शेष बचा है। जिसको लेकर भाजपा चुनाव समिति की दिल्ली में बैठक होगी। सूत्रों के मुताबिक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में बुधवार 16 अगस्त को शाम पांच बजे बैठक होगी। इस बैठक में आगामी राजस्थान विधानसभा चुनाव को लेकर अहम फैसले हो सकते है। बैठक में बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जे पी नड्डा, बी एल संतोष सहित कई दिग्गज शामिल होंगे।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;चुनावी राज्यों पर होगी चर्चा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनजर भाजपा की राष्ट्रीय चुनाव समिति की बैठक दिल्ली में आज शाम पांच बजे तय हुई है, बैठक में प्रधानमंत्री मोदी खुद मौजूद रहेंगे। देश में सभी चुनावी राज्यों के विषय पर चर्चा होगी, और कई बड़े फैसले भी लिये जा सकते है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;राजस्थान चुनाव की तस्वीर साफ कर सकती है भाजपा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;राजस्थान भाजपा की चुनावी तस्वीर भी बहुत स्तर तक साफ होने की संभावना है। हालांकि प्रधानमंत्री मोदी कई बार यह स्पष्ट कर चुके है कि राजस्थान का चुनाव कमल के निशान पर ही लड़ा जाना है। फिर भी प्रदेश की चुनाव प्रचार समिति के अध्यक्ष को लेकर प्रदेश कार्यकर्ताओं में इंतजार देखा जा रहा है। कार्यकर्ताओं को लगता है कि प्रदेश चुनाव समिति का अध्यक्ष आने वाले समय में प्रदेश की बागडोर सम्भाल सकता है, जिसके चलते इसकी घोषणा पर सभी की निगाहे टिकी हुई है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;टिकट बंटवारे पर आ सकता है कुछ निर्णय&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;इस चुनावी साल में प्रदेश में ऐसे तो कही अहम मुद्दे है लेकिन टिकट वितरण और प्रचार दो अहम चुनावी मुद्दे है। जिसको लेकर भाजपा के दिग्गज आज रणनीति और नाम दोनों पर मोहर लगा सकते है। प्रदेश की राजनीति को लेकर प्रधानमंत्री का संदेश साफ है। न तो परिवारवाद चलेगा, न ही भ्रष्टचार चलेगा, और ना ही कोई पार्टी विरोधी गतिविधियों को बर्दाश्त किया जाएगा। पीएम के इस फैसले के चलते राज्य में कई नेताओं की बेचैनी बढ़ गई हैं।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Rajasthan: विधायकों को मिलेगा नया घर, सीएम गहलोत विधायक आवास प्रोजेक्ट का करेंगे लोकार्पण</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/politics/rajasthan-mlas-will-get-new-house-cm-gehlot-will-inaugurate-mla-housing-project/</link><pubDate>August 12, 2023, 10:57 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/08/download-8-3-300x169.png</image><category>राजनीति</category><excerpt>जयपुर: सीएम अशोक गहलोत आज राजस्थान विधानसभा विधायक आवास प्रोजेक्ट का लोकार्पण शाम शाम 6:30 बजे करेंगे। 418 करोड़ लागत से 160 फ्लैट राजस्थान विधानसभा के ठीक सामने हाउसिंग बोर्ड के जरिए मल्टी स्टोरी टावर्स में तैयार करवाए गए हैं। जानकारी के मुताब...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर&lt;/strong&gt;: सीएम अशोक गहलोत आज राजस्थान विधानसभा विधायक आवास प्रोजेक्ट का लोकार्पण शाम शाम 6:30 बजे करेंगे। 418 करोड़ लागत से 160 फ्लैट राजस्थान विधानसभा के ठीक सामने हाउसिंग बोर्ड के जरिए मल्टी स्टोरी टावर्स में तैयार करवाए गए हैं। जानकारी के मुताबिक नई सरकार बनने के बाद इन फ्लैटों का अलॉटमेंट होगा।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;राजस्थान विधानसभा के पश्चिम गेट के सामने की ओर 55 पुराने विधायक आवास तोड़कर बनाए गए 6 नए रेसिडेंशियल विधायक फ्लैट वाले अपार्टमेंट टावर तैयार हो गए हैं। इनमें 3200 स्क्वायर फुट वाले लग्ज़रिय 3 बीएचके प्लस सर्वेंट क्वाटर वाले 160 फ्लैट बनाए गए हैं। इस प्रोजेक्ट को राजस्थान विधानसभा विधायक आवास परियोजना नाम दिया गया है। जिसका लोकार्पण आज सीएम गहलोत करेंगे। लोकार्पण कार्यक्रम शाम 6.30 बजे से रखा गया है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;नई सरकार गठन के बाद आवंटन&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;हालांकि सूत्र बताते हैं कि अगले 5 महीने तक किसी विधायक को ये फ्लैट अलॉटमेंट नहीं किया जाएगा। इन नए विधायक आवासों का आवंटन नई सरकार गठित होने के बाद जनवरी 2024 तक ही होगा। राजस्थान विधानसभा के स्तर से ही यह फैसला किया गया है। विधायकों को भी इसका अंदाज़ा है कि उनको नए फ्लैट मौजूदा सरकार में आवंटित नहीं किए जाएंगे। प्लानिंग के मुताबिक 6 टावर को अगले 5 महीने तक मेंटेन कर रखा जाएगा। यहां बाग-बगीचों, पौधों के ज़रिए सौंदर्यीकरण किया जाएगा। नई सरकार बनने पर विधायकों को फ्लैट और मंत्रियों को बंगले अलॉट होंगे।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;418 करोड़ की लागत से बनाए गए 160 फ्लैट्स&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;अभी तक 28 फ्लैट्स विधायकपुरी में, 38 आवास गांधीनगर में, 55 आवास विधानसभा के सामने, इसके अलावा जालूपुरा में आवास थे। सिविल लाइंस और अस्पताल रोड पर मंत्रियों के बंगले हैं। अभी विधायकों को आवास बी और सी टाइप मकान आवंटित होते रहे हैं। इसके अलावा जयपुर में सरकारी आवास, निजी या किराये के घरों में रहने वाले विधानसभा सदस्य 80 हजार रुपए कीमत तक के फर्नीचर सेल्फ अटेस्टेड बिल पेश करके उसका राशि विधानसभा से ले सकते हैं।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;दिल्ली की तर्ज पर कॉन्स्टीट्यूशनल क्लब का निर्माण&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;जयपुर में विधानसभा के पश्चिम में विधायक फ्लैट्स के साथ इसके पूर्व दिशा में दिल्ली की तर्ज पर कॉन्स्टीट्यूशनल क्लब का भी निर्माण कराया जा रहा है। इस क्लब का अगस्त तक लोकार्पण-उद्घाटन करने की प्लानिंग थी, लेकिन इस क्लब को पूरा होने में अभी और वक्त लगेगा। विधायकों के पार्टी करने, राजनीतिक चर्चा करने, प्रेस से रूबरू होने, पारिवारिक मनोरंजन, गेम्स आदि क्लब एक्टिविटीज के लिए यह क्लब बन रहा है। जब दिसंबर में चुनाव बाद नए विधायक जीतकर आएंगे और नई सरकार गठित होगी। तो चुने हुए विधायकों को नए आवास और क्लब का भरपूर सुविधाओं का आनंद मिल सकेगा।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;दो मंजिला पार्किंग की सुविधा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;राजस्थान हाउसिंग बोर्ड के कमिश्नर आईएएस पवन अरोड़ा ने बताया कि राजस्थान हाउसिंग बोर्ड ने इस प्रोजेक्ट को समय से सात महीने पहले ही छह टावर वाले अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस 160 फ्लैट्स और उनके लिए दो मंजिला 637 कारों की पार्किंग का निर्माण कार्य पूरा कर लिया है। इसमें राजस्थानी बारहदरी के झरोखों से एंट्री के साथ हेरिटेज फसाड के साथ कई आलीशान सुविधाएं दी गई हैं।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>RAJASTHAN: गृहमंत्री अमित शाह 22 जुलाई को आएंगे राजस्थान</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/top-news/rajasthan-home-minister-amit-shah-will-visit-rajasthan-on-july-22/</link><pubDate>July 18, 2023, 3:54 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/07/download-40-300x169.png</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>JAIPUR। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह 22 जुलाई को राजस्थान के श्रीगंगानगर आएंगे। जानकारी के अनुसार भगवानगढ़ की धान मंडी में किसान महा सम्मेलन होगा। अमीत शाह श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़ के पदाधिकारी, कार्यकर्ताओ के साथ चर्चा करेंगे। वहीं सांसद निहालचं...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;JAIPUR। &lt;/strong&gt;केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह 22 जुलाई को राजस्थान के श्रीगंगानगर आएंगे। जानकारी के अनुसार भगवानगढ़ की धान मंडी में किसान महा सम्मेलन होगा। अमीत शाह श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़ के पदाधिकारी, कार्यकर्ताओ के साथ चर्चा करेंगे। वहीं सांसद निहालचंद, जिलाध्यक्ष आत्माराम, भाजपा नेता संजय मूंदड़ा रैली की आवश्यक तैयारियों में जुटे हैं. इसके आलावा रैली में बड़ी संख्या में किसान शामिल करने को लेकर तैयारियां की जा रही है.&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Rajasthan Election 2023: यहां पर है ब्राह्मणों का दबदबा, इस बार मावली की सीट पर होगा शह और मात का खेल</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/election/rajasthan-election-2023-here-is-the-dominance-of-brahmins-this-time-there-will-be-a-game-of-check-and-check-on-the-seat-of-mavli/</link><pubDate>July 12, 2023, 8:12 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/07/download-1-1-300x169.png</image><category>चुनाव</category><excerpt>जयपुर: राजस्थान में विधानसभा चुनाव होने में महज चंद महीने शेष है। ऐसे में राजस्थान की मावली सीट का समीकरण क्या है उसे आपको समझाते हैं। मावली विधानसभा सीट राजस्थान की महत्वपूर्ण विधानसभा सीट है, जहां से 2018 में भारतीय जनता पार्टी ने जीत दर्ज की...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर&lt;/strong&gt;: राजस्थान में विधानसभा चुनाव होने में महज चंद महीने शेष है। ऐसे में राजस्थान की मावली सीट का समीकरण क्या है उसे आपको समझाते हैं। मावली विधानसभा सीट राजस्थान की महत्वपूर्ण विधानसभा सीट है, जहां से 2018 में भारतीय जनता पार्टी ने जीत दर्ज की थी।&lt;br&gt;इस बार मावली विधानसभा सीट के परिणाम किस पार्टी के पक्ष में होंगे, यह जनता को तय करना है। हम आपके लिये लाये हैं विस्तृत कवरेज, जिसमें आप विधानसभा सीट पर प्रत्याशियों की सूची, पार्टी प्रचार व अन्य खबरों के साथ-साथ जान सकेंगे यहां के विजेता, उपविजेता, वोट शेयर और बहुत कुछ।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;कांग्रेस-भाजपा में बराबरी का मुकाबला&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बार करें इस विधानसभा सीट की तो आजादी के बाद से ही उदयपुर जिले की मावली विधानसभा का राजस्थान की राजनीति में अहम स्थान रहा है। इस सीट से पहले विधायक जर्नादन राय नागर से लेकर निरजंन नाथ आचार्य हनुमान प्रसाद प्रभाकर और शांतिलाल चपलोत जैसे दिग्गजों ने मावली का विधायक के रूप में प्रतिनिधित्व किया है। अगर इस सीट पर किस पार्टी का पकड़ है उसपर बात करें तो यहां कभी बीजेपी तो कभी कांग्रेस का राज रहा है। फिलहाल पिछले 10 साल से यहां बीजेपी है। अभी मौजूद विधायक बीजेपी के धर्मनारायण जोशी हैं। वो पिछली बार रिकॉर्ड तोड़ वोट से जीते थे। वहीं इनके सामने कांग्रेस के सबसे बड़े नेता पुष्करलाल डांगी थे। वे दो बार चुनाव हार चुके हैं और अभी प्रधान है। ऐसी स्थिति में उनका विरोधी खेमा टिकट बदलकर जगदीशराज श्रीमाली, जीतसिंह चुंडावत या गोवर्धन सिंह चौहान को देने की मांग कर सकता है। वहीं 2013 में भी बीजेपी के दली चंद डांगी बीजेपी के उम्मीदवार थे। इससे पहले 2008 में कांग्रेस के पुष्करलाल डांगी, 2003 बीजेपी से शांतिलाल चपलोत, 1998 में कांग्रेस के शिवसिंह माले थे। यानी देखा जाए तो राजस्थान सरकार की तरह यहां भी पार्टी विधायक बदलते रहे है।&lt;br&gt;मावली विधानसभा क्षेत्र प्रदेश में हर चुनाव में सुर्खियों में रहा है। यहां से निर्वाचित दो-दो विधायक विधानसभा के अध्यक्ष व प्रदेश में मंत्री रहे हैं। एक बार निर्दलीय प्रत्याशी निरंजननाथ आचार्य ने सत्ताधारी दल कांग्रेस के प्रत्याशी की जमानत तक जब्त करवाकर जीत हासिल की थी। साल 2018 में संभाग में सर्वाधिक 26978 वोटों से चुनाव जीते विधायक धर्मनारायण जोशी इस बार भी बीजेपी की ओर से टिकट के प्रमुख दावेदार माने जा रहें है।&lt;/p&gt;



&lt;figure class=&quot;wp-block-embed is-type-video is-provider-youtube wp-block-embed-youtube wp-embed-aspect-16-9 wp-has-aspect-ratio&quot;&gt;&lt;div class=&quot;wp-block-embed__wrapper&quot;&gt;
&lt;iframe loading=&quot;lazy&quot; title=&quot;Rajasthan  Election 2023 : मावली सीट पर है ब्राह्मणों का दबदबा, इस बार उसपर कौन करेगा कब्ज़ा&quot; width=&quot;500&quot; height=&quot;281&quot; src=&quot;https://www.youtube.com/embed/KacEyv_y7Mg?feature=oembed&quot; frameborder=&quot;0&quot; allow=&quot;accelerometer; autoplay; clipboard-write; encrypted-media; gyroscope; picture-in-picture; web-share&quot; referrerpolicy=&quot;strict-origin-when-cross-origin&quot; allowfullscreen&gt;&lt;/iframe&gt;
&lt;/div&gt;&lt;/figure&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;क्या कहता है जातिगत समीकरण&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;मावली विधानसभा क्षेत्र संख्या 154 में उदयपुर जिले की सामान्य सीट है। 2011 की जनगणना के अनुसार मावली विधानसभा की जनसंख्या 3,20,997 है। जिसमे 86.89 फीसदी हिस्सा ग्रामीण व 13.11 फीसदी हिस्सा शहरी है। जबकि कुल आबादी का 23.11 प्रतिशत अनुसूचित जनजाति और 10.23 प्रतिशत अनुसूचित जाति है। आदिवासी आबादी के बाद इस सीट पर पाटीदार और ब्राह्मण समाज का भी अच्छा खासा दखल रहा है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;सर्वाधिक 5 बार ब्राह्मण&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;1957 में गठित हुए मावली विधानसभा क्षेत्र से अब तक छह बार कांग्रेस और पांच बार भाजपा प्रत्याशी चुनाव जीत चुके हैं। पांच बार कांग्रेस के ब्राह्मण प्रत्याशियों को जीत हासिल हुई।तीन बार जैन, एक बार राजपूत और एक चुनाव ओबीसी उम्मीदवार जीता था। 1957 में कांग्रेस के पंडित जनार्दन राय नागर, 1967 और 72 में कांग्रेस के निरंजन नाथ आचार्य और 1980 व 85 में कांग्रेस के हनुमान प्रसाद प्रभाकर विधायक चुने गए। जैन प्रत्याशी के रूप में भाजपा के शांति लाल चपलोत 1990, 1993 और 2003 में चुनाव जीते थे।राजपूत उम्मीदवार के रूप में कांग्रेस के शिव सिंह चौहान ने 1998 में, जनता पार्टी के नरेंद्र पाल सिंह ने 1977 में चुनाव जीते थे। 2008 में मावली से पहली बार कांग्रेस के ओबीसी प्रत्याशी पुष्कर डांगी चुनाव जीते थे। मावली विधानसभा क्षेत्र में डांगी, पटेल और गुर्जर समाज के वर्चस्व को देखते हुए 2013 के चुनाव में कांग्रेस ने पुष्कर डांगी को फिर से प्रत्याशी बनाया है। भाजपा ने उसके खिलाफ दली चंद डांगी को टिकट दिया है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;क्या है मुख्य मुद्दा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;हर विधानसभा चुनाव के अपने अलग-अलग मुद्दे होते हैं। अगर पानी,बिजली और सड़क की समस्या को छोड़ दिया जाए, तो उस प्रमुख मुद्दे की मांग चुनाव से पहले ही उठने लगती है। चुनावी घोषणा पत्र में भी उसी मांग को पूरा करने के लिए दोहराया जाता है। फिर आरोप-प्रत्यारोप की राजनीति शुरू हो जाती है। ऐसा ही हाल उदयपुर से 40 किलोमीटर दूर मावली विधानसभा की है। यह हर साल राजस्थान में किसी ना किसी कारण चर्चाओं में अक्सर रहती है। खास बात यह है कि यह विधानसभा है तो ग्रामीण क्षेत्र लेकिन यहां से राजस्थान के कई दिग्गज नेता निकले हैं। इसमें मावली के पहले विधायक जर्नादन राय नागर, निरजंन नाथ आचार्य, हनुमान प्रसाद प्रभाकर और शांतिलाल चपलोत हैं। खास बात यह है कि इस विधानसभा का एक ही सबसे बड़ा मुद्दा है, जो कई सालों से बना हुआ है।&lt;/p&gt;



&lt;p&gt;तो कह सकते है की इस बार भी मावली का एक बड़ा चुनावी मुद्दा बागोलिया बांध ररहने वाला है, जो कि अभी तक जस का तस है। वहीं फतहनगर में 87.2 बीघा जमीन के पट्टे का मामला था। जिसे विधायक जोशी के विधानसभा में इस मामले को उठाने और बीजेपी बोर्ड द्वारा पट्टे जारी किए जाने से बीजेपी को इसका लाभ हुआ है। वहीं कांग्रेस भी इसका श्रेय लेने में पीछे नहीं रही। कुल मिलाकर लगता है कि यहां चुनाव मुद्दों पर कम व प्रत्याशियों की छवि पर अधिक केंद्रित होगा।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Rajasthan Election 2023: उदयपुर के फेर में फंसी बीजेपी-कांग्रेस, इस बार कौन देगा किसको मात,तीन पार्टियों में होगा मुकाबला</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/election/rajasthan-election-2023-bjp-congress-stuck-in-udaipur-this-time-who-will-defeat-whom-three-parties-will-compete/</link><pubDate>July 11, 2023, 5:29 pm</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/07/महंगाई-राहत-शिविर-में-खूब-लगा-23-300x169.png</image><category>चुनाव</category><excerpt>जयपुर: राजस्थान में इस साल के अंत में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। ऐसे में हर एक विधानसभा सीट को लेकर जीत-हार का गुणा भाग शुरु हो गया है। राजस्थान की राजनीति में सबसे प्रमुख माने जाने वाले मेवाड़ की 28 सीटों की अगर बात करें, तो यह सभी की नजरों ...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर&lt;/strong&gt;: राजस्थान में इस साल के अंत में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। ऐसे में हर एक विधानसभा सीट को लेकर जीत-हार का गुणा भाग शुरु हो गया है। राजस्थान की राजनीति में सबसे प्रमुख माने जाने वाले मेवाड़ की 28 सीटों की अगर बात करें, तो यह सभी की नजरों में है। मेवाड़ की उदयपुर शहर विधानसभा सबसे महत्तवपूर्ण सीटों में से एक माना जाता है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;इस सीट पर है भाजपा का कब्जा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;उदयपुर शहर विधानसभा सीट पर भाजपा का कई वर्षो तक एक छत्र राज चलता आया है, वहीं ऐसा पहली बार है जब दोनों ही मुख्य पार्टियों के पास कोई चेहरा नहीं है। कांग्रेस तो कमजोर थी ही लेकिन गुलाब चंद कटारिया के जाने के बाद बीजेपी के पास भी कोई मजबूत कैंडिडेट नहीं बचा है। उदयपुर विधानसभा सीट राजस्थान की महत्वपूर्ण विधानसभा सीट है, जहां 2018 में भारतीय जनता पार्टी ने जीत दर्ज की थी। इस बार उदयपुर विधानसभा सीट के परिणाम किस पार्टी के पक्ष में होंगे, यह जनता को तय करना है। हम आपके लिये लाये हैं विस्तृत कवरेज, जिसमें आप विधानसभा सीट पर प्रत्याशियों की सूची, पार्टी प्रचार व अन्य खबरों के साथ-साथ जान सकेंगे यहां के विजेता, उपविजेता, वोट शेयर और बहुत कुछ। आइये जानते हैं इस सीट के बारे में…&lt;/p&gt;



&lt;figure class=&quot;wp-block-embed is-type-video is-provider-youtube wp-block-embed-youtube wp-embed-aspect-16-9 wp-has-aspect-ratio&quot;&gt;&lt;div class=&quot;wp-block-embed__wrapper&quot;&gt;
&lt;iframe loading=&quot;lazy&quot; title=&quot;Rajasthan Election 2023: उदयपुर के फेर में फंसी BJP-Congress, इस बार कौन देगा किसको मात&quot; width=&quot;500&quot; height=&quot;281&quot; src=&quot;https://www.youtube.com/embed/Y5MDxEtwgAo?feature=oembed&quot; frameborder=&quot;0&quot; allow=&quot;accelerometer; autoplay; clipboard-write; encrypted-media; gyroscope; picture-in-picture; web-share&quot; referrerpolicy=&quot;strict-origin-when-cross-origin&quot; allowfullscreen&gt;&lt;/iframe&gt;
&lt;/div&gt;&lt;/figure&gt;



&lt;p&gt;उदयपुर विधानसभा सीट राजस्थान के उदयपुर जिले में आती है। उदयपुर शहर विधानसभा के सीट पर हार जीत के इतिहास की बात करें तो यहां पिछले 4 विधानसभा चुनाव से बीजेपी का कब्जा रहा है। वर्ष 2003 से 2018 तक वर्तमान में असम के राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया यहां से विधायक थे।&lt;br&gt;2018 में उदयपुर में कुल 47 प्रतिशत वोट पड़े और 2018 में भारतीय जनता पार्टी से गुलाबचंद कटारिया ने कांग्रेस के डॉ गिरिजा व्यास को 9307 वोटों के मार्जिन से हराया था। इससे पहले कांग्रेस के त्रिलोक पूर्बिया और पूर्व केंद्रीय मंत्री गिरिजा व्यास विधायक रही। इन दोनों से पहले एक दो बार गुलाब चंद कटारिया विधायक रहे। यह कह सकते हैं कि उदयपुर शहर विधानसभा पर ज्यादातर बीजेपी का ही राज रहा।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;दोनों पार्टियों के सामने चेहरे की कमी&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;उदयपुर विधानसभा सीट में पिछले लंबे समय से कांग्रेस से कोई मजबूत नेता सामने नहीं आया। यही वजह है की कांग्रेस ने पिछले चुनाव में वरिष्ठ नेता पूर्व केंद्रीय मंत्री गिरिजा व्यास को गुलाब चंद कटारिया के सामने उतारा था, लेकिन कटारिया के सामने गिरिजा व्यास को हार का सामना करना पड़ा। यहीं स्थिति अब बीजेपी के सामने भी खड़ी हो गई है। गुलाब चंद कटारिया के असम राज्यपाल बनने के बाद बीजेपी के पास कोई बड़ा चेहरा नहीं है। ऐसे में बीजेपी इस सीट पर अपना पुराना वर्चस्व बनाए रखने के लिए एड़ी-चोटी का जोर लगा रही है। वहीं गुलाब चंद कटारिया के जाने के बाद कांग्रेस इस मौके का फायदा उठा अपना परचम लहराने की तैयारी में जुटी हुई है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;इस सीट का जातिगत समीकरण&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;अगर बात करें इस सीट के जातिगत समीकरण की तो उदयपुर जिले की तीन सामान्य सीटों में से सबसे हॉट उदयपुर शहर विधानसभा क्षेत्र से आठ बार ब्राह्मण व चार बार जैन प्रत्याशी चुनाव जीत चुके हैं। शहर में सर्वाधिक मतदाता ब्राहाण करीब 45 हजार, जैन 42 हजार और मुस्लिम 35 हजार हैं। वर्ष 1952 से 2008 तक हुए विधानसभा चुनावों में मेवाड़ की सामान्य वर्ग की सीटों पर राजपूत और ब्राह्मण प्रत्याशियों का दबदबा रहा है। उदयपुर शहर, बड़ीसादड़ी, कुंभलगढ़ व बेगूं विधानसभा सीटों पर जैन समाज के उम्मीदवारों ने भी जीत हासिल की। शहर विधानसभा क्षेत्र से 1952 से 67 तक लगातार चार चुनाव ब्राहाण प्रत्याशी के रूप में कांग्रेस के मोहनलाल सुखाडिय़ा, 1972 में भानु कुमार शास्त्री, 1985 में डॉ. गिरिजा व्यास तथा 1990 और 93 में शिव किशोर सनाढ्य निर्वाचित हुए थे। जैन उम्मीदवार के रूप में भाजपा के गुलाबचंद कटारिया 1977, 1980, 2003 और 2008 में जीते थे। 1998 में ब्राह्मण-जैन एकाधिकार में बदलाव आया जब कांग्रेस के ओबीसी उम्मीदवार त्रिलोक पूर्बिया ने भाजपा के ब्राह्मण प्रत्याशी मांगीलाल जोशी को हराया था।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;यहां का मुख्य मुद्दा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बात करें यहां के मुद्दे की तो झीलों के शहर उदयपुर में पर्यटन और झीलों से जुड़े बड़े मुद्दे है। उदयपुर का सबसे बड़ा मुद्दा ट्रैफिक व्यवस्था है। पर्यटन शहर होने की वजह से सीजन में यहां पर बड़ी संख्या में पर्यटक पहुंचते हैं। ऐसे में शहर में चारो तरफ जाम की स्थिति बन जाती है। यह सिर्फ सीजन में नहीं अन्य दिनों में भी लोगों को कई बार जाम का सामना करना पड़ता है।&lt;/p&gt;



&lt;p&gt;अगर दूसरे मुद्दे की बात करें झीलों से जुड़ा हुआ है। उदयपुर शहर झीलों के कारण पूरी दुनिया में मशहूर है। ऐसे में झील से जुड़ा मुद्दा भी बड़ा है,मुद्दा यह है कि झीलों में अभी भी सीवरेज का पानी जा रहा है। जिससे गंदगी और जल प्रदूषण फैल रहा है, बड़ी बात यह है कि अभी दोनों ही पार्टियां में इन मुद्दों पर कोई चर्चा नहीं हो रही है। सभी चुनाव में जीत के लिए जोड़-तोड़ में लगे हुए हैं।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Rajasthan Politics: BTP को कांग्रेस में मर्ज हो जाना चाहिए, सीएम गहलोत के इस बयान पर हलचल तेज</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/politics/rajasthan-politics-btp-should-merge-with-congress-stir-intensifies-on-this-statement-of-cm-gehlot/</link><pubDate>June 27, 2023, 10:45 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/06/download-2023-06-27T161442.806-300x169.png</image><category>चुनाव</category><excerpt>जयपुर: राजस्थान में इस साल के अंत में विधानसभा का चुनाव होने वाला है। इसको लेकर बीजेपी और कांग्रेस सहित तमाम पार्टियां भी अपने क्षेत्र में जोर आजमाइश कर रही हैं। इसी बीच में आदिवासी क्षेत्र की सबसे चर्चित भारतीय ट्राइबल पार्टी (BTP) को लेकर मुख...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर&lt;/strong&gt;: राजस्थान में इस साल के अंत में विधानसभा का चुनाव होने वाला है। इसको लेकर बीजेपी और कांग्रेस सहित तमाम पार्टियां भी अपने क्षेत्र में जोर आजमाइश कर रही हैं। इसी बीच में आदिवासी क्षेत्र की सबसे चर्चित भारतीय ट्राइबल पार्टी (BTP) को लेकर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने उदयुपर संभाग के ट्राइबल क्षेत्र डूंगरपुर में हुई जनसभा में अपने भाषण के दौरान कहा कि बीटीपी को अब कांग्रेस में शामिल हो जाना चाहिए। सीएम के इस बयान पर अब चारों तरफ चर्चाएं तेज हो गई हैं।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;भारतीय ट्राइबल पार्टी का अस्तित्व क्या है ?&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;दरअसल भारतीय ट्राइबल पार्टी गुजरात के ट्राइबल क्षेत्र और उदयपुर संभाग के जनजाति क्षेत्र में है। इसके राजस्थान विधानसभा में दो विधायक हैं। साथ ही चर्चा है कि पहले भारतीय ट्राइबल पार्टी का जनजाति क्षेत्र में काफी वर्चस्व हुआ करता था। लेकिन अब आदिवासी समाज ने अपनी नई पार्टी बनाने की घोषणा कर दी है। इसके बाद बीटीपी का अस्तित्व अब खतरे में नजर आ रहा है। हालांकि बीटीपी के पदाधिकारी प्रदेश के विधानसभा क्षेत्र में उम्मीदवार उतारकर चुनाव लड़ने का दावा कर चुके है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;BTP को कांग्रेस में मर्ज हो जाना चाहिए&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;डूंगरपुर जिले में सभा के दौरान सीएम अशोक गहलोत ने कहा कि आपके यहां के बीटीपी के 2 विधायकों ने संकट के वक्त हमारा साथ दिया, यह में स्वीकार करता हूं। उनको मैंने समझाया कि आपकी पार्टी का भविष्य कहां है। बीटीपी के राष्ट्रीय नेता छोटू भाई गुजरात में खुद चुनाव हार गए। उनको समझना चाहिए कांग्रेस की विचारधारा देश की विचारधारा है। उनको कांग्रेस में मर्ज होना चाहिए। उन्होंने बीजेपी पर हमला बोलते हुए कहा कि बीजेपी तोड़ने का काम कर रही है। जहां बीजेपी की सरकार नहीं है वहां केंद्र की एजेंसियों का प्रयोग किया जा रहा है और सरकार गिराने की कोशिश की जा रही है।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Rajasthan: BJP सांसद ने CM गहलोत के बेटे पर लगाया 5,000 करोड़ के घोटाले का आरोप, ED को सौंपेंगे अहम दस्तावेज</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/politics/rajasthan-bjp-mp-accuses-cm-gehlots-son-of-5000-crore-scam-will-hand-over-important-documents-to-ed/</link><pubDate>June 9, 2023, 11:13 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/06/download-42-300x169.png</image><category>राजनीति</category><excerpt>जयपुर: राजस्थान में विधानसभा का चुनाव नजदीक है। वहीं चुनाव को लेकर राजनीति गरमा गई है। पेपर लीक मामले में ईडी और सीबीआई लगातार जांच कर रहीं है। कांग्रेस ने ईडी और सीबीआई के इस कार्रवाई पर केंद्र सरकार को निशाने पर लिया है। कांग्रेस ने आरोप लगाय...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर&lt;/strong&gt;: राजस्थान में विधानसभा का चुनाव नजदीक है। वहीं चुनाव को लेकर राजनीति गरमा गई है। पेपर लीक मामले में ईडी और सीबीआई लगातार जांच कर रहीं है। कांग्रेस ने ईडी और सीबीआई के इस कार्रवाई पर केंद्र सरकार को निशाने पर लिया है। कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि राज्य में विधानसभा का चुनाव है इसलिए भाजपा अपना खेल शुरू कर दी है और अपने तोते को काम पर लगा दिया है। वहीं दूसरी ओर भाजपा सांसद किरोड़ी लाल मीणा 5,000 करोड़ रुपये के कथित घोटाले को लेकर सूचना और संचार विभाग (डीओसी) के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) में शिकायत दर्ज करने के बाद, राजस्थान के भाजपा सांसद किरोड़ी लाला ने शुक्रवार को अशोक गहलोत के बेटे वैभव गहलोत के खिलाफ एजेंसी को अलग से शिकायत दर्ज करने जा रहे हैं।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;मॉरीशस की एक शेल कंपनी में निवेश का मामला&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बीजेपी सांसद ने आरोप लगाया है कि मॉरीशस की एक शेल कंपनी ने होटल फेयरमोंट में करीब 100 करोड़ रुपये का निवेश किया है। मीणा ने आरोप लगाया कि यह पैसा गहलोत और उनके परिवार के सदस्यों का है। उनकी टीम ने कहा कि किरोड़ी लाल मीणा शुक्रवार 9 जून को ईडी कार्यालय पहुंचकर वैभव गहलोत और फेयरमोंट होटल के मालिक रतनकांत शर्मा के खिलाफ बयान देंगे।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;मीणा ने लगाया गहलोत परिवार पर गंभीर आरोप&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;मीणा ने गुरुवार को भाजपा मुख्यालय में एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए अशोक गहलोत, उनके बेटे वैभव गहलोत और बहू हिमांशी गहलोत पर फाइव स्टार हेरिटेज होटल व्यवसाय में करोड़ों रुपये का अवैध निवेश करने और फर्जी होने का आरोप लगाया।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;मीणा ने की ईडी से जांच की मांग&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;मीणा ने अवैध भूमि परिवर्तन, चरागाह भूमि, अवैध निर्माण और सिंचाई विभाग की भूमि पर अतिक्रमण का आरोप लगाते हुए ईडी से जांच करने की मांग की है। साथ ही उन्होंने मुख्य रूप से रैफल्स होटल, माउंट आबू, ताज अरावली होटल में निमडी पैलेस और जयपुर में फेयरमोंट होटल में कथित अनियमितताओं की ओर इशारा किया।&lt;/p&gt;



&lt;p&gt;उन्होंने आरोप लगाया कि व्यवसाय से किए गए लाभ का हिस्सा वैभव गहलोत की डमी कंपनी सनलाइट कार रेंटल प्राइवेट लिमिटेड को ट्रांसफर किया जा रहा है। उन्होंने ये भी कहा कि हिमांशी गहलोत और वैभव गहलोत मॉरीशस से निवेश किए गए पैसे से फेयरमोंट होटल में बेनामी कारोबार में शामिल हैं।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>राजस्थान: सीएम अशोक गहलोत आज कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ करेंगे बैठक, विधानसभा चुनाव की तैयारियों का लेंगे जायजा</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/politics/rajasthan-cm-ashok-gehlot-will-hold-a-meeting-with-congress-workers-today-will-review-the-preparations-for-the-assembly-elections/</link><pubDate>March 28, 2023, 7:55 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/03/8ab0a62f0a85e63173031c4477f86778_original-300x225.jpeg</image><category>राजनीति</category><excerpt>जयपुर। आज मुख्यमंत्री अशोक गहलोत बीकानेर और जोधपुर संभाग के कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर बैठक करेंगे। बैठक में मुख्य रूप से सीएम अशोक गहलोत, पीसीसी चीफ डोटासरा और सुखजिंदर सिंह रंधावा रहेंगे। सीएम गहलोत करेंगे बैठक आपको बता दें कि सीएम अशोक गहलोत...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर। &lt;/strong&gt;आज मुख्यमंत्री अशोक गहलोत बीकानेर और जोधपुर संभाग के कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर बैठक करेंगे। बैठक में मुख्य रूप से सीएम अशोक गहलोत, पीसीसी चीफ डोटासरा और सुखजिंदर सिंह रंधावा रहेंगे।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;सीएम गहलोत करेंगे बैठक&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आपको बता दें कि सीएम अशोक गहलोत, प्रदेश प्रभारी सुखजिंदर सिंह रंधवा, प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष गोविन्द सिंह डोटासरा आज यानि 28 मार्च से 1अप्रैल तक सातों संभागों में कार्यकर्यताओं से संवाद करेंगे। इस बैठक में सातों जिलों के नेता, कार्यकर्ता, पदाधिकारी, विधायक समेत मंत्री भी शामिल रहेंगे। जानकारी के मुताबिक बीकानेर संभाग के कार्यकर्ताओं का सम्मेलन गंगा शहर के तेरापंथ भवन में आयोजित किया जाएगा। इसके बाद दोपहर लगभग 3 बजे जोधपुर संभाग का कार्यक्रम जोधपुर के गांधी मैदान में आयोजित किया जाएगा। इस दौरान भी मुख्यमंत्री गहलोत और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविन्द सिंह डोटासरा जोधपुर संभाग के कार्यकर्ताओं से बातचीत करेंगे।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;गलत नीतियों को करें साझा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आपको बता दें कि संभागों के साथ होने वाली बैठक में मुख्यमंत्री गहलोत और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा कार्यकर्ताओं के समक्ष केंद्र सरकार द्वारा गलत नीतियों के खिलाफ सड़कों पर उतारकर इसका विरोध करें साथ ही जनता को भी केंद्र सरकार के कारनामों से अवगत कराएं।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;29 मार्च को गुजरात का करेंगे दौरा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बता दें कि कल यानि 29 मार्च को मुख्यमंत्री अशोक गहलोत गुजरात की राजधानी अहमदाबाद में प्रेस कांफ्रेंस करेंगे। और कुछ महत्वपूर्ण विषयों पर पार्टी का पक्ष रखेंगे।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;सीएम अशोक गहलोत का दौरा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;प्राप्त जानकारी के अनुसार कल यानि 29 मार्च को दोपहर 3 बजे उदयपुर संभाग के कार्यकर्ताओं के साथ सीएम गहलोत बैठक कर जमीनी तौर पर जायजा लेंगे। वहीं 30 मार्च को सुबह 11 बजे कोटा और दोपहर 3 बजे अजमेर संभाग के कार्यकर्ताओं की बैठक होगी और 1 अप्रैल की सुबह 11 बजे मुख्यमंत्री 11 बजे भरतपुर और दोपहर 3 बजे जयपुर संभाग के कार्यकर्ताओं की बैठक होगी।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>राजस्थान: सीएम अशोक गहलोत ने कर्मचारियों को लेकर किया बड़ा फैसला, जानिए क्या है पूरा मामला</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/politics/rajasthan-cm-ashok-gehlot-took-a-big-decision-regarding-the-employees-know-what-is-the-whole-matter/</link><pubDate>March 17, 2023, 9:10 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/03/download-7-2-300x169.png</image><category>राजनीति</category><excerpt>जयपुर। प्रदेश में गहलोत सरकार ने कर्मचारियों के लिए बड़ा फैसला लिया है. कर्मचारियों के दो से ज्यादा बच्चें होने पर भी प्रमोशन को नहीं रोका जाएगा और सलाना तनख्वा बढ़ोतरी भी नहीं रोकी जाएगी. सीएम ने की बड़ी घोषणा मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कर्मचारि...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर।&lt;/strong&gt; प्रदेश में गहलोत सरकार ने कर्मचारियों के लिए बड़ा फैसला लिया है. कर्मचारियों के दो से ज्यादा बच्चें होने पर भी प्रमोशन को नहीं रोका जाएगा और सलाना तनख्वा बढ़ोतरी भी नहीं रोकी जाएगी.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;सीएम ने की बड़ी घोषणा&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कर्मचारियों के प्रमोशन को लेकर बड़ा फैसला किया है। दो बच्चों से ज्यादा होने पर भी कर्मचारी को प्रमोशन मिल सकती है। 16 मार्च को कार्मिक विभाग ने ये आदेश जारी किया था। बता दें कि 1 जून 2002 के बाद दो से ज्यादा बच्चे होने पर भी कर्मचारी एवं अधिकारी को प्रमोशन मिल सकेगी। जानकारी के मुताबिक राज्य के लगभग 8 लाख कर्मचारियों को इसका फायदा मिलेगा। इससे पहले राज्य सरकार ने ऐसे कर्मचारियों के प्रमोशन पर 3 साल के लिए रोक लगा दी थी।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;सिलेक्शन ग्रेड में आती थी रुकावट&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आपको बता दें कि वर्ष 2004 में ये नियम तब लागू किया था जब वसुंधरा राजे पहली बार मुख्यमंत्री बनी थी। उस वक़्त सरकार ने किसी भी राज्य कर्मचारी या अधिकारी के 1 जून 2002 के बाद दो से अधिक बच्चें होने पर प्रमोशन को रोकने का फैसला किया था। सरकार ने प्रमोशन समेत अन्य कई लाभ को 5 साल तक रोकने का फैसला लिया था जैसे- किसी कर्मचारी को प्रमोशन 1 जनवरी 2006 में मिलना होता था तो उसे 1 जनवरी 2011 में दिया जाता था।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;पांच साल से किया तीन साल&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बता दें कि सरकार ने साल 2017 में प्रमोशन की अवधि को 5 से घटाकर 3 साल कर दिया था और अब सरकार ने इस नियम को पूरी तरह से हटा दिया है जिससे अब आसानी से कर्मचारियों और अधिकारीयों को प्रमोशन मिल सकेगा।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;लम्बे समय से थी मांग&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;जानकारी के मुताबिक दो साल से इसको लेकर मांग चल रही थी. इस मांग को हाउसिंग बोर्ड ने सबसे पहले उठया था।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>गहलोत पर आचार्य प्रमोद का तंज, खुद के लिए फूल पायलट के लिए कांटे</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/states/%e0%a4%97%e0%a4%b9%e0%a4%b2%e0%a5%8b%e0%a4%a4-%e0%a4%aa%e0%a4%b0-%e0%a4%86%e0%a4%9a%e0%a4%be%e0%a4%b0%e0%a5%8d%e0%a4%af-%e0%a4%aa%e0%a5%8d%e0%a4%b0%e0%a4%ae%e0%a5%8b%e0%a4%a6-%e0%a4%95%e0%a4%be/</link><pubDate>February 23, 2023, 11:33 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/02/ASHOK-PRASHANT-300x169.png</image><category>राज्य</category><excerpt>जयपुर: राजस्थान में एक बार फिर सियासी घमासान मच चुका है. आचार्य प्रमोद ने राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत पर एक बार फिर निशाना साधा है. गुरुवार को आचार्य प्रमोद ने एक ट्वीट में लिखा कि खुद के लिए फूल और पायलट के लिए कांटे. राजीव गांधी लिफ्ट ...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर:&lt;/strong&gt; राजस्थान में एक बार फिर सियासी घमासान मच चुका है. आचार्य प्रमोद ने राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत पर एक बार फिर निशाना साधा है. गुरुवार को आचार्य प्रमोद ने एक ट्वीट में लिखा कि खुद के लिए फूल और पायलट के लिए कांटे.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;राजीव गांधी लिफ्ट कैनाल&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;कुछ दिनों पहले अशोक गहलोत जोधपुर पहुंचे थे. वहां उन्होंने राजीव गांधी लिफ्ट कैनाल के तीसरे फेज का शिलान्यास करना था. इस मौके पर पार्टी कार्यकर्ताओं ने उम्मेद स्टेडियम के गेट पर मुख्यमंत्री गहलोत के स्वागत में फूलों से स्टेडियम के गेट को सजाया था. इसी कड़ी में आचार्य प्रमोद ने अशोक गहलोत पर निशाना साधा है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;फूलों का कारपेट&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आचार्य प्रशांत ने ट्विटर पर एक वीडियो शेयर किया है, जिसमें देखा जा सकता है कि अशोक गहलोत के स्वागत के लिए फूलों का कारपेट बनाया गया है. उन्होंने वीडियो शेयर कर अशोक गहलोत पर निशाना साधते हुए लिखा है कि खुद के लिए फूल और पायलट के लिए कांटे.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;पायलट को मुख्यमंत्री बनाना चाहिए&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बता दें कि ये पहली बार नहीं है कि आचार्य प्रमोद ने अशोक गहलोत के ऊपर निशाना साधा है. इससे पहले भी आचार्य प्रमोद ने अशोक गहलोत को कई बार घेरा है. उन्होंने इसके पहले भी सचिन पायलट को मुख्यमंत्री बनाने के साथ साथ अशोक गहलोत पर निशाना साधा है. बता दें कि राजस्थान कांग्रेस में तनातनी के बीच जहां पायलट गुट दबी जुबान कभी-कभी सचिन पायलट को मुख्यमंत्री बनाने को लेकर मुद्दा उठाते रहते हैं. वहीं आचार्य प्रमोद कई बार साफ तौर पर अशोक गहलोत पर निशाना साधते हुए सचिन पायलट को सीएम बनाने का मुद्दा उठा चुके हैं.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;प्रियंका गांधी के करीबी हैं प्रमोद&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बता दें कि आचार्य प्रमोद प्रियंका गांधी के करीबी माने जाते हैं. उन्होंने पंजाब के तर्ज पर राजस्थान में भी मुख्यमंत्री बनाने के लिए कई बार मांग कर चुके हैं. उन्हें कई बार ये कहते सुना गया है कि कांग्रेस के कार्यकर्ताओं की अगर बात करें तो उनका मानना है कि सचिन पायलट के साथ नाइंसाफी हुई है. जिस कारण उन्हें मुख्यमंत्री बनाया जाना चाहिए.&lt;/p&gt;
</content></item></channel></rss>