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       <title>Today Forest Department News | Latest Forest Department News | Breaking Forest Department News in English | Latest Forest Department News Headlines - Inkhabar</title>
        <description>आज का Forest Department समाचार:Today Forest Department News ,Latest Forest Department News,Aaj Ka Samachar ,Forest Department समाचार ,Breaking Forest Department News in Hindi, Latest News Headlines - Inkhabar</description>
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        </image><item><title>Sajjangarh Biological Park: बायोलॉजिकल पार्क में जल्द नजर आएंगे 2 जिराफ, करोड़ो की लागत से तैयार होगा एनक्लोजर</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/tourism/sajjangarh-biological-park-2-giraffes-will-soon-be-seen-in-the-biological-park-the-enclosure-will-be-prepared-at-a-cost-of-crores/</link><pubDate>July 6, 2024, 12:25 pm</pubDate><image>wp-content/uploads/2024/07/PARK.png</image><category>पर्यटन</category><excerpt>जयपुर। उदयपुर के सज्जनगढ़ बायोलॉजिकल पार्क में जिराफ लाने की तैयारियों में तेजी आई है। उदयपुर विकास प्राधिकरण (यूडीए) की ओर से जिराफ एनक्लोजर निर्माण के लिए वन विभाग ने मंजूरी दे दी है। विभाग की ओर से निविदा प्रक्रिया की तैयारी आरंभ की गई है। ज...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर।&lt;/strong&gt; उदयपुर के सज्जनगढ़ बायोलॉजिकल पार्क में जिराफ लाने की तैयारियों में तेजी आई है। उदयपुर विकास प्राधिकरण (यूडीए) की ओर से जिराफ एनक्लोजर निर्माण के लिए वन विभाग ने मंजूरी दे दी है। विभाग की ओर से निविदा प्रक्रिया की तैयारी आरंभ की गई है। जल्द ही इसकी निविदा प्रक्रिया को पूरा कर लिया जाएगा। माना जा रहा है कि इस साल के अंत तक एनक्लोजर बनकर तैयार हो जाएगा। बायोलॉजिकल पार्क में कुल 7120 वर्ग मीटर में जिराफ एनक्लोजर तैयार किया जाएगा। सज्जनगढ़ बायोलॉजिकल पार्क में विभिन्न प्रजातियों के जानवरों को लाने के लिए लगभग 10 साल से प्रयास किए जा रहे हैं। इसके तहत पिछले साल सेंट्रल जू अथॉरिटी ने जिराफ के कैज के लिए मंजूरी प्रदान की थी। इसके बाद अधिकारियों ने गेट नंबर 3 के पास खाली जगह पर कैज बनाने के कोशिश शुरू कर दी।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;यूडीए ने राशि दी मंजूरी&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;एनक्लोजर निर्माण को लेकर धन की कमी के लिए यूडीए से संपर्क किया गया था। इसके बाद यूडीए ने पिछले दिनों इसके लिए दो करोड़ रुपए देने की सहमति जताई थी। इसके बाद वन विभाग ने निविदा प्रक्रिया के लिए एस्टिमेट बनाने का कार्य शुरू कर दिया। जो अब अंतिम चरण की प्रक्रिया में है। जल्द इसके लिए निविदा प्रक्रिया पूरी की जाएगी। जिसमें संवेदक को एनक्लोजर निर्माण लिए छह महीने का समय दिया जाएगा। यदि इस माह निविदा प्रक्रिया पूरी हो जाती है तो दिसबर माह तक एनक्लोजर निर्माण पूरा होने की संभावना जताई जा रही है।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;जिराफ के रहने के पूरे इंतजाम किए जाएंगे&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;राजस्थान के सज्जनगढ़ बायोलॉजिकल पार्क में जिराफ को देखने के लिए बनाया जाने वाला डिस्प्ले ऊंचाई पर होगा। जिससे पर्यटको को देखने में आसानी होगी। इसमें 5720 वर्ग मीटर में डिस्प्ले एरिया होगा। जबकि 1400 वर्ग किमी होल्डिंग एरिया होगा। सुंदरता को बढ़ाने के लिए शेल्टर में प्राकृतिक चट्टानों के आसपास पौधे भी लगाए जाएंगे। इंजीनियरों ने शेल्टर की ड्राइंग पहले ही तैयार कर ली है। इसमें डिस्प्ले का बाड़ा, वाटर हॉल के साथ ही चैनलिंक मेस आदि लगाए जाएंगे। शेल्टर में जिराफ के खाने का छह मीटर ऊंचा प्लेटफार्म भी बनाया जाएगा।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>Good News: रणथंभौर वन में आए 3 नये नन्हें मेहमान, सीएम गहलोत ने दी जानकारी</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/tourism/good-news-3-new-little-guests-arrived-in-ranthambore-forest-cm-gehlot-gave-information/</link><pubDate>July 25, 2023, 12:45 pm</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/07/download-1-2-300x169.png</image><category>पर्यटन</category><excerpt>जयपुर: राजस्थान में स्थित रणथंभौर के जंगल से एक अच्छी खबर सामने आई हैं। यहां पर बाघिन ने तीन नन्हें शावकों को जन्म दिया है। इसकी सूचना खुद राज्य के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने दी हैं। सीएम गहलोत ने ट्वीट कर लिखा कि वन के नए मेहमान स्वागत करे राजस...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर&lt;/strong&gt;: राजस्थान में स्थित रणथंभौर के जंगल से एक अच्छी खबर सामने आई हैं। यहां पर बाघिन ने तीन नन्हें शावकों को जन्म दिया है। इसकी सूचना खुद राज्य के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने दी हैं। सीएम गहलोत ने ट्वीट कर लिखा कि वन के नए मेहमान स्वागत करे राजस्थान। रणथंभौर के वन से बाघ के 3 नए शावकों के जन्म का सुखद समाचार प्राप्त हुआ। उन्होंने अपने ट्वीट में आगे लिखा जंगल का ये खूबसूरत वीडियो हमारी बाघ व वन्य जीव संरक्षण की प्रतिबद्धता की पुष्टि कर रहा है। राजस्थान बाघ अभ्यारण टीम को हार्दिक बधाई व शाबाशी।&lt;/p&gt;



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&lt;/div&gt;&lt;/figure&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;3 शावकों के साथ दिखी बाघिन&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;इसके पहले भी राजस्थान के चौथे टाइगर रिजर्व और कोटा संभाग के दूसरे टाइगर रिजर्व के लिए बड़ी खुशखबरी आई थी। कोटा संभाग के बूंदी जिले में बाघिन ने तीन शावकों को जन्म दिया था। ये तीनों नन्हें शावक अपनी मां के साथ जंगल में लगाए गए कैमरों में कैद हुए थे। महज दो-तीन सेकेंड के वीडियो में यह बाघिन के साथ जंगल में विचरण करते दिखाई दे रही है । रामगढ़ विषधारी टाइगर रिजर्व ने विचरण कर रही बाघिन आरवीटीआर-2 ने पर्यावरण प्रेमियों और जिले वाशियों के लिए बड़ी खुशखबरी दी है। यह बाघिन अपने 3 शावकों के साथ नजर आई है। आईएएस अधिकारी शिखर अग्रवाल ने बाघिन का वीडियो और तस्वीरें ट्वीट पर शेयर किया था।&lt;/p&gt;



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</content></item><item><title>राजस्थान में हरयाली लाने का संकल्प, 5 करोड़ पौधे किये जा रहे तैयार</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/states/resolve-to-bring-greenery-in-rajasthan-5-crore-saplings-are-being-prepared/</link><pubDate>May 11, 2023, 12:42 pm</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/05/download-13-1-300x169.png</image><category>राज्य</category><excerpt>राजस्थान जिसे मरुधरा के नाम से भी जाना जाता है. ग्रीन वाल योजना के तहत हरियाली के मिशन को आगे बढ़ाने प्रदेशभर में 80 हजार हेक्टेअर वन क्षेत्र में हरयाली को बढ़ाने के साथ-साथ पौधे लगाएंगे। इसके लिए प्रदेश वन विभाग पांच करोड़ पौधे तैयार करने में जुट...</excerpt><content>
&lt;p&gt;राजस्थान जिसे मरुधरा के नाम से भी जाना जाता है. ग्रीन वाल योजना के तहत हरियाली के मिशन को आगे बढ़ाने प्रदेशभर में 80 हजार हेक्टेअर वन क्षेत्र में हरयाली को बढ़ाने के साथ-साथ पौधे लगाएंगे। इसके लिए प्रदेश वन विभाग पांच करोड़ पौधे तैयार करने में जुट गया है. इन पौधों को वन विभाग अलग-अलग योजनाओं में रोपित करेगा।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;राजस्थान में हरियाली&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आपको बता दें कि वन विभाग इस साल से राजस्थान ग्रीनिंग एंड रिवाइल्डिंग मिशन शुरू कर रहा है. हरियाली बढ़ाने के लिए ट्री आउटसाइड फॉरेस्ट कार्यक्रम पर काम होगा. वन विभाग इस साल 31 नई लव कुश वाटिका तैयार करने का काम करेगा. ऐसे में फॉरेस्ट डिपाटमेंट के पास चुनौती है कि पौधों को समय पर तैयार किया जाए. वन विभाग वन नर्सरियों में इस साल एक हजार 694 करोड़ रुपये की आरएफबीडीपी योजना के साथ पांच करोड़ पौधों को लगाने की योजना बना रहा है। इस साल से वन विभाग राजस्थान ग्रीनिंग एंड रिवाइल्डिंग मिशन शुरू कर रहा है जो हरियाली बढ़ाने के लिए ट्री आउटसाइड फॉरेस्ट कार्यक्रम पर काम करेगा। वन विभाग इस साल 31 नई लव कुश वाटिका तैयार करने का काम भी करेगा।&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;हरयाली को बढ़ावा देने का लक्ष्य&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;वन विभाग के लिए हरियाली को बढ़ावा देने के लिए साल 2023 काफी खास रहने वाला है, इस साल विभाग कई नई योजनाएं और मिशन अमल में लाकर ज्यादा से ज्यादा क्षेत्रों में पौधारोपण की संख्या को बढ़ाने की तैयारी में है ताकि प्रदेश में हरियाली बढ़ाने के क्षेत्र ठोस काम किया जाए और उसके दूरगामी परिणाम सामने आए.&lt;/p&gt;
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