<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?>
<rss version="2.0"
    xmlns:ag="http://purl.org/rss/1.0/modules/aggregation/"  
    xmlns:annotate="http://purl.org/rss/1.0/modules/annotate/" 
    xmlns:app="http://www.w3.org/2007/app"
    xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
    xmlns:company="http://purl.org/rss/1.0/modules/company"
    xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
    xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
    xmlns:dcterms="http://purl.org/dc/terms/"
    xmlns:email="http://purl.org/rss/1.0/modules/email/"
    xmlns:ev="http://purl.org/rss/1.0/modules/event/"
    xmlns:rdf="http://www.w3.org/1999/02/22-rdf-syntax-ns#"
    xmlns:rdfs="http://www.w3.org/2000/01/rdf-schema#"
    xmlns:ref="http://purl.org/rss/1.0/modules/reference/"
    xmlns:taxo="http://purl.org/rss/1.0/modules/taxonomy/"
    xmlns:atom10="http://www.w3.org/2005/Atom">
    <channel>
       <title>Today Surya Grahan 2023 News | Latest Surya Grahan 2023 News | Breaking Surya Grahan 2023 News in English | Latest Surya Grahan 2023 News Headlines - Inkhabar</title>
        <description>आज का Surya Grahan 2023 समाचार:Today Surya Grahan 2023 News ,Latest Surya Grahan 2023 News,Aaj Ka Samachar ,Surya Grahan 2023 समाचार ,Breaking Surya Grahan 2023 News in Hindi, Latest News Headlines - Inkhabar</description>
        <link>https://www.inkhabar.com/tag/surya-grahan-2023</link>
        <lastBuildDate>April 22, 2026, 7:51 pm</lastBuildDate>
        <copyright>Inkhabar</copyright>
        <generator>Inkhabar</generator>
        <language>hi</language>
        <image>
            <url>https://www.inkhabar.com/wp-content/themes/inkhabar/images/inkhbar-logo.png</url>
            <title>Inkhabar</title>
            <link>https://www.inkhabar.com/</link>
            <description>Feed provided by Inkhabar.</description>
        </image><item><title>राजस्थान का यह मंदिर सूर्यग्रहण के समय रहता है खुला, इस दौरान भक्तों की लगती है भीड़</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/national/this-temple-of-rajasthan-remains-open-at-the-time-of-solar-eclipse-during-this-there-is-crowd-of-devotees/</link><pubDate>April 20, 2023, 7:32 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/04/ranakpur-jain-temple.jpeg</image><category>टॉप न्यूज़</category><excerpt>जयपुर। आज साल का पहला सूर्य ग्रहण है जिसे वैशाख अमावस्या कहा जाता है. वैशाख महीने में लगने वाला यह सूर्यग्रहण गुरूवार सुबह 7 बजकर 4 मिनट पर शुरु हुआ था जो 12 बजकर 29 मिनट पर खत्म हुआ. जानकारी के मुताबिक जब भारत में सूर्यग्रहण लगता है तब 12 घंटे...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर।&lt;/strong&gt; आज साल का पहला सूर्य ग्रहण है जिसे वैशाख अमावस्या कहा जाता है. वैशाख महीने में लगने वाला यह सूर्यग्रहण गुरूवार सुबह 7 बजकर 4 मिनट पर शुरु हुआ था जो 12 बजकर 29 मिनट पर खत्म हुआ. जानकारी के मुताबिक जब भारत में सूर्यग्रहण लगता है तब 12 घंटे पहले ही मंदिरों के कपाट बंद कर दिए जाते हैं. लेकिन माना जाता है कि उदयपुर के नाथद्वार स्थित भगवान श्रीनाथजी के दर्शन सूर्यग्रहण पर करने से भक्तों की हर मनोकामना पूर्ण होती है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;सूर्य ग्रहण पर श्रीनाथजी का धाम भक्तों के लिए रहता है खुला&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आपको बता दें कि आज यानी गुरूवार को वैशाख अमावस्या महीने में लगने वाला पहला सूर्यग्रहण लगा है. भारत में सूर्यग्रहण लगने के दौरान मंदिर के फाटक बंद रहते है. लेकिन उदयपुर में स्थित भगवान श्रीनाथजी का मंदिर सूर्यग्रहण के समय खासतौर पर खुला रहता है. ऐसी मान्यता है कि सूर्यग्रहण के समय श्रीनाथ जी के दर्शन अवश्य करना चाहिए। ऐसा करने से भक्तों की सारी मनोकामना पूर्ण हो जाती है. यही कारण है कि रोज के मुकाबले सूर्यग्रहण पर भगवान श्रीनाथजी के मंदिर में दस गुना ज्यादा भक्तो की भीड़ रहती है. जानकारी के मुताबिक यह राजस्थान का इकलौता ऐसा मंदिर है जो सूर्यग्रहण के दिन भी खुला रहता है. श्रीनाथ जी का दर्शन भी सूर्य ग्रहण शुरू होने से लेकर समाप्ति तक किया जाता है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;आज 12:29 बजे तक खुला था मंदिर&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बता दें कि आज उदयपुर में नाथद्वार पर स्थित श्रीनाथजी के मंदिर में अल सुबह 7 बजकर 4 मिनट पर भक्तों के द्वारा दर्शन करना आरंभ किया गया था जो 12:29 बजे तक जारी रहा था।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>राजस्थान: वैशाख अमावस्या के दिन भी खुला रहेगा गोविंद देव भगवान का मंदिर, ये है वजह</title><link>https://rajasthan.inkhabar.com/national/rajasthan-the-temple-of-lord-govind-dev-will-remain-open-even-on-the-day-of-vaishakh-amavasya-this-is-the-reason/</link><pubDate>April 20, 2023, 6:06 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2023/04/download-2023-04-19T230515.752-300x228.png</image><category>देश</category><excerpt>जयपुर। सूर्य ग्रहण के समय पर अक्सर मंदिरों के फाटक बंद रहते है लेकिन इस बार राजस्थान में स्थित आराध्य गोविंददेव जी का मंदिर को बंद नहीं किया जा रहा है. यहां रोज की तरह पूजा-पथ किया जा रहा है. सूर्यग्रहण का कोई असर नहीं है. सूर्यग्रहण पर भी गोवि...</excerpt><content>
&lt;p&gt;&lt;strong&gt;जयपुर। &lt;/strong&gt;सूर्य ग्रहण के समय पर अक्सर मंदिरों के फाटक बंद रहते है लेकिन इस बार राजस्थान में स्थित आराध्य गोविंददेव जी का मंदिर को बंद नहीं किया जा रहा है. यहां रोज की तरह पूजा-पथ किया जा रहा है. सूर्यग्रहण का कोई असर नहीं है.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;सूर्यग्रहण पर भी गोविंददेव मंदिर नहीं होगा बंद&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;आपको बता दें कि आज वर्ष का पहला संकरित सूर्य ग्रहण है जिसे वैशाख अमावस्या भी कहते हैं. विज्ञान की भाषा में इसे हाइब्रिड सोलर एक्लिप्स कहा जाता है. जानकारी के मुताबिक जब भारत में सूर्यग्रहण लगता है तब 12 घंटे पहले ही मंदिरों के कपाट बंद कर दिए जाते हैं. लेकिन इस वर्ष भारत में इसका कोई असर नहीं दिखाई दे रहा है, इसलिए अब मंदिरों पर भी इसका असर नहीं दिखाई देगा. गोविंद देव मंदिर के आचार्य अशोक शास्त्री ने जानकारी देते हुए बताया कि इस सूर्य ग्रहण पर आज गोविंद देव जी मंदिर खुला रहेगा क्योंकि यहां पर सूतक नहीं लगा है. शास्त्री ने कहा कि सूर्य ग्रहण का असर नहीं है तो ऐसे में गोविंद देव जी मंदिर खुला रहेगा और सबकुछ पहले जैसा रहेगा.&lt;/p&gt;



&lt;h2 class=&quot;wp-block-heading&quot;&gt;&lt;strong&gt;सारे मंदिर खुले रहेंगे&lt;/strong&gt;&lt;/h2&gt;



&lt;p&gt;बता दें कि गोविंद देव जी जयपुर के आराध्य देव हैं. उसके अलावा मोती डूंगरी समेत अन्य मंदिरों में पूजा पाठ पहले की तरह ही हो रहा है. सूर्य ग्रहण का कोई असर नहीं है. पूजा-पाठ पहले कि तरह ही हो रही है. लगभग 12 घंटे तक खोले के हनुमान जी के मंदिर भी इसी तरीके का माहौल देखा जाता है. लेकिन सूतक नहीं लगने पर सभी मंदिर खुले हुए हैं और अपनी श्रद्धा भाव से लोग पूजा पाठ कर रहे हैं.&lt;/p&gt;
</content></item></channel></rss>